कलेक्ट्रेट सभागार में हुई समीक्षा बैठक में डीएम ने जल जीवन मिशन की निर्माणाधीन परियोजनाओं की प्रगति पर असंतोष जताते हुए कार्यदाई संस्थाओं को तय समयसीमा में काम पूरा करने के निर्देश दिए।

जल जीवन मिशन की समीक्षा में DM ने दिए तेजी के निर्देश
Maharajganj: जनपद महराजगंज में जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित निर्माण परियोजनाओं की गहन समीक्षा की गई। बैठक में जल निगम द्वारा संचालित विभिन्न चरणों की परियोजनाओं की अद्यतन स्थिति प्रस्तुत की गई।
अधिशासी अभियंता जल निगम आतिफ हुसैन ने जानकारी दी कि फेज–II में जेएमसी की कुल 341 परियोजनाएं संचालित हैं, जिनके माध्यम से 446 ग्राम पंचायतें आच्छादित की जा रही हैं। वहीं फेज–III में कोया की 205 परियोजनाएं हैं, जिनसे 345 ग्राम पंचायतों को लाभ मिलेगा, जबकि रिथविक की 174 परियोजनाएं 302 ग्राम पंचायतों तक जलापूर्ति सुनिश्चित करेंगी।
डीएम ने निर्माणाधीन कार्यों की धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए निर्देश दिया कि जेएमसी फेज–II के अंतर्गत लंबित 200 परियोजनाएं जून 2026 तक हर हाल में पूरी करे। वहीं रिथविक और कोया को संयुक्त रूप से 171 परियोजनाएं अगस्त 2026 तक पूर्ण करने का लक्ष्य दिया गया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि तय समयसीमा का उल्लंघन होने पर संबंधित एजेंसियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में ट्यूबवेल ड्रिलिंग, ओवरहेड टैंक (ओएचटी), पंप हाउस निर्माण, हाइड्रो टेस्टिंग, बाउंड्री वॉल और सड़क अनुरक्षण जैसे कार्यों में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए। डीएम ने कहा कि जिन परियोजनाओं में 90 प्रतिशत से अधिक कार्य पूर्ण हो चुका है, वहां तत्काल विद्युत कनेक्शन सुनिश्चित कर नियमित जलापूर्ति शुरू कराई जाए।
नयना देवी मंदिर की प्रतिष्ठा धूमिल करने का आरोप, ट्रस्ट ने पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की
सड़क अनुरक्षण कार्यों की गुणवत्ता जांच के लिए ग्राम स्तरीय समिति गठित करने का भी आदेश दिया गया, ताकि स्थानीय स्तर पर निगरानी सुनिश्चित हो सके और निर्माण कार्यों में पारदर्शिता बनी रहे।
उत्तराखंड विधानसभा सत्र बढ़ाने की उठी आवाज, सरकार क्या देगी जवाब? पढ़ें पूरी खबर
बैठक में अधीक्षण अभियंता वाई.पी. सिंह, परियोजना निदेशक राम दरश चौधरी, एक्सईएन जल निगम आतिफ हुसैन सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।