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धान की क्रॉप कटिंग करने खेत पहुंचे DM (IMG: Dynamite News)
Deoria: देवरिया में धान की फसल की वास्तविक पैदावार जानने के लिए जिलाधिकारी खुद खेत में पहुंच गए। यहां उन्होंने अधिकारियों की मौजूदगी में धान की क्रॉप कटिंग कराई तो एक डिसमिल खेत में महज 11.54 किलोग्राम उत्पादन मिला। फसल की पैदावार औसत उत्पादकता के मानक से काफी कम पाई गई। इसके बाद अधिकारियों ने कम उत्पादन की वजह भी बताई। बताया गया कि खेत में धान की रोपाई निर्धारित मानकों के अनुसार नहीं की गई थी, जिसका असर पैदावार पर पड़ा।
जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी शुक्रवार को तहसील सदर के ग्राम परसिया भंडारी पहुंचे। यहां उन्होंने किसान कृष्ण मोहन के खेत में धान की क्रॉप कटिंग कराई। इसके लिए कृषक के गाटा संख्या-15 स्थित एक डिसमिल खेत को चुना गया। अधिकारियों की मौजूदगी में निर्धारित खेत से धान की कटाई कराई गई। इसके बाद फसल की मड़ाई कराकर वास्तविक उत्पादन का वजन किया गया। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान जिलाधिकारी ने फसल की पैदावार का जायजा लिया और अधिकारियों से क्रॉप कटिंग से जुड़ी जानकारी प्राप्त की।
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क्रॉप कटिंग के दौरान कम उत्पादन मिलने के बाद अधिकारियों ने इसकी वजह भी बताई। उनके अनुसार, संबंधित खेत में धान की रोपाई निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं की गई थी। इसी कारण फसल की उत्पादकता अपेक्षाकृत कम रही। क्रॉप कटिंग के जरिए खेत में उगाई गई फसल की वास्तविक पैदावार का आकलन किया जाता है। इसमें खेत के निर्धारित हिस्से से फसल काटी जाती है और उसकी मड़ाई के बाद प्राप्त अनाज का वजन किया जाता है। इससे फसल की वास्तविक उत्पादकता का आंकड़ा सामने आता है।
धान की क्रॉप कटिंग करने खेत पहुंचे DM (IMG: Dynamite News)
जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने कहा कि क्रॉप कटिंग का मुख्य उद्देश्य फसलों की वास्तविक उत्पादकता का आकलन करना है। इससे जिले में अलग-अलग क्षेत्रों की फसल पैदावार की सही स्थिति का पता चलता है। उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया से मिलने वाले आंकड़ों का इस्तेमाल कृषि संबंधी योजनाओं और नीतियों को तैयार करने के साथ भविष्य की कृषि योजनाओं के नियोजन में किया जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए देवरिया जनपद की सभी तहसीलों में क्रॉप कटिंग कराई जाएगी।
क्रॉप कटिंग के दौरान जिलाधिकारी ने किसानों से सरकारी धान क्रय केंद्रों पर अपनी उपज बेचने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि किसान अपना पंजीकरण कराकर सरकारी केंद्रों पर धान की बिक्री करें, जिससे उन्हें सरकार की ओर से निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी एमएसपी का लाभ मिल सके। उन्होंने किसानों को सरकारी खरीद व्यवस्था से जुड़ने और निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपनी उपज बेचने के लिए प्रेरित किया। इससे किसानों को उनकी फसल का निर्धारित समर्थन मूल्य प्राप्त करने में मदद मिल सकेगी।
परसिया भंडारी गांव में आयोजित क्रॉप कटिंग के दौरान जिला सांख्यिकी अधिकारी, तहसीलदार सदर समेत कृषि विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों की मौजूदगी में धान की कटाई और मड़ाई की प्रक्रिया पूरी कर उत्पादन का वजन किया गया। जिलाधिकारी ने क्रॉप कटिंग के माध्यम से फसल की वास्तविक उत्पादकता का जायजा लिया। जिले की सभी तहसीलों में इस तरह की प्रक्रिया कराए जाने से देवरिया में धान उत्पादन का औसत आंकड़ा सामने आने की उम्मीद है।
Location : Deoria
Published : 6 November 2026, 12:49 PM IST