Basti: अब सस्ते में बनेगा सपनों का घर! BDA ने घटाया विकास शुल्क, दो सौ से ज्यादा गांवों को मिलेगा फायदा

बस्ती में घर बनवाने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। बीडीए के नए फैसले ने हजारों भू-स्वामियों को राहत दी है, लेकिन इसके साथ ही कुछ सख्त नियम भी लागू किए गए हैं। अब कौन लोग होंगे फायदे में, किन इलाकों में निर्माण पर लगेगी रोक और क्यों बढ़ी बीडीए की निगरानी?

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 16 May 2026, 2:14 PM IST

Basti: बस्ती विकास प्राधिकरण (बीडीए) क्षेत्र में अब घर बनवाना पहले के मुकाबले आसान और सस्ता हो गया है। बीडीए ने विकास शुल्क में 152 रुपये प्रति वर्गमीटर की कटौती कर दी है। पहले नक्शा पास कराने के लिए लोगों को 755 रुपये प्रति वर्गमीटर शुल्क देना पड़ता था, लेकिन अब यह घटकर 603 रुपये प्रति वर्गमीटर हो गया है। इस फैसले से शहर समेत 217 गांवों के हजारों भू-स्वामियों को सीधा लाभ मिलेगा।

पांच साल में तेजी से बढ़ा बीडीए का दायरा

बस्ती विकास प्राधिकरण को अस्तित्व में आए अभी पांच साल भी पूरे नहीं हुए हैं, लेकिन इसका दायरा तेजी से बढ़ा है। शुरुआत में महायोजना 2021 के तहत नगर पालिका क्षेत्र और आसपास के 69 गांवों को शामिल किया गया था। अब नई महायोजना 2031 में बीडीए सीमा का विस्तार करते हुए 217 गांवों को जोड़ दिया गया है। इसका कुल क्षेत्रफल करीब 151 वर्ग किलोमीटर हो चुका है।

इस विस्तार के बाद बड़ी संख्या में लोग बीडीए के नियमों और विकास योजनाओं के दायरे में आ गए हैं। ऐसे में शुल्क कम होने से आम लोगों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।

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व्यापारियों और भू-स्वामियों की आपत्ति के बाद फैसला

बीते कुछ समय से व्यापारी और जमीन मालिक लगातार विकास शुल्क को ज्यादा बताते हुए आपत्ति दर्ज करा रहे थे। इसके बाद कई जिलों की ओर से शासन को प्रत्यावेदन भेजे गए। सुनवाई के बाद बस्ती समेत अयोध्या, रायबरेली, बांदा, रामपुर, उरई, आजमगढ़ और मिर्जापुर जैसे शहरों में विकास शुल्क कम करने का फैसला लिया गया।

नए शुल्क लागू होने के बाद अब लोगों को प्रति बिस्वा 70 से 90 हजार रुपये तक की बचत होने का अनुमान है। खासकर वे लोग जो नया मकान बनवाने की तैयारी कर रहे हैं, उनके लिए यह राहत भरी खबर मानी जा रही है।

ग्रीन जोन और ग्रीन बेल्ट पर बढ़ी निगरानी

महायोजना 2031 लागू होने के बाद बीडीए अब अवैध निर्माण रोकने के लिए भी सख्त हो गया है। सरकारी जमीन, तालाब, चारागाह, पार्क और जलाशयों को ग्रीन जोन घोषित किया गया है, जहां निर्माण पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके अलावा हाईवे के दोनों तरफ 87.5 मीटर और कुआनो नदी के दोनों किनारों पर 80 मीटर क्षेत्र को ग्रीन बेल्ट घोषित किया गया है। बीडीए की टीमें लगातार ऐसे इलाकों की निगरानी कर रही हैं ताकि नियमों का उल्लंघन न हो सके।

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अवैध निर्माण करने वालों को नोटिस

बीडीए ने शहर में बिना नक्शा पास कराए निर्माण कराने वाले करीब 50 भू-स्वामियों को नोटिस जारी किया है। इनमें अस्पताल, होटल, स्कूल और मैरिज हॉल जैसे बड़े निर्माण भी शामिल हैं। नोटिस मिलने के बाद कई लोगों ने नक्शा पास कराने के लिए आवेदन किया, जिससे बीडीए को करीब तीन करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है। अधिकारियों का कहना है कि अब शहर को सुनियोजित तरीके से विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा।

तीन श्रेणियों में पास होता है नक्शा

बीडीए में मुख्य रूप से तीन प्रकार के नक्शे पास किए जाते हैं। इनमें हाईरिस्क श्रेणी सबसे ज्यादा प्रचलित है, जिसमें छोटे भूखंडों पर मकान निर्माण शामिल होता है। दूसरी श्रेणी निवेश मित्रा है, जो पूरी तरह व्यावसायिक निर्माण के लिए होती है। इसमें होटल, दुकान, रेस्तरां और मैरिज हॉल जैसे निर्माण आते हैं। तीसरी श्रेणी लो रिस्क की है, जिसमें बड़े आवासीय प्रोजेक्ट और समूह आवास शामिल होते हैं। हालांकि बस्ती में इस श्रेणी का इस्तेमाल अभी काफी कम हो रहा है।

Location :  Basti

Published :  16 May 2026, 2:14 PM IST