बदायूं के अलापुर क्षेत्र में बिना मान्यता के चल रहे स्कूल में चार साल की छात्रा ने मोती निगल लिया। इलाज न मिलने के आरोपों के बीच बच्ची की मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम कर जांच शुरू की।

बच्ची की दर्दनाक मौत
Badaun: अलापुर इलाके से एक ऐसी दर्दनाक खबर सामने आई है जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। बिना मान्यता के चल रहे एक स्कूल में पढ़ाई के दौरान चार साल की मासूम बच्ची ने जमीन पर पड़ा मोती निगल लिया और कुछ ही घंटों में उसकी सांसें थम गईं। इलाज के लिए दौड़भाग होती रही, लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हुई और आखिरकार मासूम की जिंदगी खत्म हो गई। अब पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर जांच शुरू कर दी है।
घटना अलापुर थाना क्षेत्र के ककराला कस्बे की है। यहां बिना मान्यता के संचालित हो रहे न्यू हॉप्स पब्लिक स्कूल में कक्षा एक की छात्रा तापसी, पुत्री टेकचंद्र, पढ़ाई कर रही थी। बताया जा रहा है कि क्लास के दौरान जमीन पर पड़ा एक मोती उसने खेल-खेल में निगल लिया। कुछ ही देर में बच्ची को सांस लेने में दिक्कत होने लगी। स्कूल प्रशासन ने हालत बिगड़ती देख परिजनों को सूचना दी।
समय पर उपचार नहीं मिलाने का आरोप
परिजन तुरंत स्कूल पहुंचे और स्कूल स्टाफ के साथ बच्ची को स्थानीय सीएचसी ले जाया गया। आरोप है कि वहां बच्ची का सही इलाज नहीं हो सका। इसके बाद उसे जिला मुख्यालय ले जाया गया और जिला अस्पताल भी पहुंचाया गया, लेकिन परिवार का कहना है कि समय पर उपचार नहीं मिला। हालत लगातार बिगड़ती रही और आखिरकार मासूम ने दम तोड़ दिया।
घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। चार साल की मासूम की मौत से इलाके में गुस्सा और दुख दोनों का माहौल है। लोगों का सवाल है कि आखिर बिना मान्यता के स्कूल कैसे चल रहा था और सुरक्षा के इंतजाम क्यों नहीं थे।
स्कूल के प्रधानाचार्य भूराज सिंह का कहना है कि जैसे ही बच्ची की तबीयत बिगड़ी, स्कूल प्रशासन अपनी गाड़ी से उसे इलाज के लिए लेकर भागा। उन्होंने दावा किया कि तीन निजी चिकित्सकों और जिला अस्पताल तक बच्ची को ले जाया गया, लेकिन कहीं इलाज नहीं मिल सका। उनका कहना है कि स्कूल प्रशासन परिवार के साथ खड़ा है और हर तरह की जांच में सहयोग करेगा।
पुलिस ने बच्ची के शव का पोस्टमार्टम कराकर जांच शुरू कर दी है। अब रिपोर्ट आने के बाद ही साफ होगा कि मौत की असली वजह क्या रही। फिलहाल इस घटना ने शिक्षा व्यवस्था और स्वास्थ्य सेवाओं दोनों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।