पीएम मोदी: भारत और अमेरिका के संबंधों को लेकर आशावान हैं प्रवासी भारतीय

डीएन संवाददाता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में वर्जीनिया में आयोजित समारोह में पारंपरिक परिधानों में आए 600 से अधिक प्रवासी भारतीयों ने प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व में भारत अौर अमेरिका के संबंधों के भविष्य को लेकर सकारात्मक उम्मीदें जताईं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, वर्जीनिया के समारोह में

वाशिंगटन: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में वर्जीनिया में आयोजित समारोह में पारंपरिक परिधानों में आए 600 से अधिक प्रवासी भारतीयों ने प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व में भारत और अमेरिका के संबंधों के भविष्य को लेकर सकारात्मक उम्मीदें जताईं।

यह भी पढ़े: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी: आतंक से मिलकर लड़ें भारत-अमेरिका, हमें 40 साल का तजुर्बा

भारतीय मूल के लोगों को हिंदी में संबोधित करते हुए मोदी ने अपनी सरकार की पिछले तीन साल की उपलब्धियों को रेखांकित किया। इसमें उन्होंने प्रत्यक्ष लाभ अंतरण योजना, सब्सिडी हटाने, बैंक खाते खोलने जैसे सामाजिक लाभों, अंतरिक्ष से लेकर खेती तक के इलाकों में तकनीकी आधुनिकीकरण और विदेशी निवेश के लिए विभिन्न क्षेत्रों को खोले जाने का जिक्र किया।

यह भी पढ़े: भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच साइन हुए 6 एमओयू, आतंकवाद के मुद्दे पर भी ही हुई बातचीत

उन्होंने कहा कि भारतीय समुदाय के लोगों ने वर्ष 2014 में न्यूयार्क के मेडिसन स्कवायर गार्डन में उनके लिए जो शानदार स्वागत समारोह आयोजित किया था, वह विश्व के नेताओं को आज भी याद है। उन्होंने कहा कि इस बार भी भव्य समारोह आयोजित करने के प्रस्ताव थे लेकिन वह उन नेताओं से मिलना चाहते थे, जिन्होंने उनकी पिछली अमेरिकी यात्राओं के दौरान समारोह आयोजित किए थे।

यह भी पढ़े: 29 जून को गुजरात के दौरे पर पीएम मोदी

भारतीय मूल के लोगों द्वारा कल आयोजित समारोह में 600 से अधिक प्रवासी भारतीयों ने हिस्सा लिया था।

पद्मश्री से सम्मानित मीडिया कर्मी, चिकित्सक और लंबे समय से समुदाय के नेता रहे सुधीर पारिख ने कहा कि मोदी के नेतृत्व में भारत आगे बढ़ रहा है। मोदी का यह मानना बिल्कुल सही है कि भारतीय मूल के प्रवासी लोग अमेरिका और भारत के संबंधों में एक बड़ा बदलाव ला सकते हैं। (भाषा) 
 

(डाइनामाइट न्यूज़ के ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)






संबंधित समाचार