DN Exclusive महराजगंज: कोल्हुई कांड में तीन दिन बाद जागी पुलिस, भाजपाई और व्यापारी घर-दुकान छोड़कर फरार

तीन दिन पहले अटल जी की याद में दुकान बंद कराने को लेकर भिड़े भाजपाईयों और व्यापारियों की तरफ से दी गयी तहरीर पर पहले तो पुलिस ने मौन धारण कर लिया और जब चारों ओर से दबाव पड़ा तो फिर पुलिस सक्रिय हुई। अब हालात ये हो गये हैं कि गिरफ्तारी से बचने के लिए सत्तारुढ़ भाजपाई और व्यापारी अपने-अपने घर दुकान छोड़कर फरार हो गये हैं। ग्राउंड जीरो से डाइनामाइट न्यूज़ की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट..

Updated : 22 August 2018, 6:02 PM IST
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कोल्हुई (महराजगंज): पहले पुलिस की खतरनाक चुप्पी और जब सक्रिय हुई तो नतीजा.. दोनों पक्षों के मुख्य किरदार अपने-अपने घरों व दुकानों को छोड़ फरार हो गये हैं। बड़ा सवाल यह है कि पुलिस ने यह सख्ती पहले क्यों नही दिखायी और मनबढ़ों को माहौल खराब करने की छूट दी? क्या पुलिस पर कोई दबाव था?

यह है पहले दिन का विवाद 

बीते 19 अगस्त की दोपहर कोल्हुई बाजार कस्बे में पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्दांजलि देने के नाम पर निकाली गयी यात्रा में शामिल भाजपाई जबरन दुकानें बंद कराने पर उतारु हो गये जिसका विरोध जब स्थानीय व्यापारियों ने किया तो फिर मारपीट हो गयी। इसके बाद भाजपाईयों और व्यापारियों ने अलग-अलग बैठ सोनौली-गोरखपुर राजमार्ग जाम कर दिया। 

 

 

पुलिसिया लापरवाही से अशांत हुआ इलाका

इस बवाल के बाद दोनों पक्षों ने तहरीर दी लेकिन कोई कार्यवाही नही की गयी और मामले को सुलगते रहने दिया गया।

पहले पकड़ा फिर छोड़ा

इसके विरोध में एक दिन बाद व्यापारियों ने कार्यवाही की मांग को लेकर प्रदर्शन करने की कोशिश की तो दवा दुकानदार उपेन्द्र सिंह और कोल्हुई के ग्राम प्रधान मनोज सिंह को पुलिस टांग कर थाने ले आयी जब इसकी भनक ग्रामीणों और व्यापारियों को हुई सबने मिलकर थाने को घेर लिया फिर दबाव में आयी पुलिस ने भोर में दोनों को छोड़ दिया।

 

 

72 घंटे बाद टूटी पुलिसिया नींद

इसके कुछ घंटे बाद ही भाजपाई पक्ष के दयानंद की धुनाई दूसरे पक्ष ने कर दी। इतना होने के बाद पुलिस की गहरी नींद 72 घंटे बाद टूटी और चार नामजद सहित दो दर्जन के खिलाफ बलवा, लूट, जानलेवा हमले, 7CLA ठोंक डाला।

दोनों पक्ष भूमिगत

इस मुकदमे के दर्ज होने के बाद से दोनों पक्षों से जुड़े दयानंद, उपेन्द्र सिंह, मनोज सिंह सब जेल जाने से बचने के लिए फरार हो उठे हैं।

फोर्स कम की गयी

मौका-ए-वारदात से फोर्स हटा ली गयी है। 

 

 

नही है कोई तनाव- सीओ, फरेन्दा

फरेन्दा सीओ अशोक मिश्र ने डाइनामाइट न्यूज़ को बताया कि विवाद के बाद शांति है। अब कोई तनाव नही है। इलाके में स्थिति सामान्य है।

 

 

भाजपाईयों के पक्ष में उतरे जिलाध्यक्ष

उधर भाजपा जिलाध्यक्ष अरुण शुक्ला ने डाइनामाइट न्यूज़ से बातचीत में आरोप लगाया कि भाजपाईयों पर सपा से जुड़े अराजक तत्वों ने हमला किया।

डरी हुई है जनता

स्थानीय जनता डरी-सहमी हुई है। पुलिसिया आतंक की वजह से कोई भी कैमरे पर कुछ बताने को तैयार नही है। इलाके के लोगों का कहना है कि पहले ही दिन पुलिस ने सख्ती दिखायी होती तो आज ये नौबत न आती। 

(साथ में संवाददाता अरुण गौतम)

Published : 
  • 22 August 2018, 6:02 PM IST

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