केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में अपना 9वां केंद्रीय बजट पेश कर दिया है। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पेश इस बजट में सरकार ने राजकोषीय घाटा 4.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है, जबकि कैपिटल एक्सपेंडिचर को बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है।

बजट 2026 पर विपक्षी नेताओं की बड़ी प्रतिक्रिया
New Delhi: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में अपना 9वां केंद्रीय बजट पेश कर दिया है। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पेश इस बजट में सरकार ने राजकोषीय घाटा 4.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है, जबकि कैपिटल एक्सपेंडिचर को बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है। बजट में टैक्सपेयर्स, निवेशक, किसान, मिडिल क्लास और उद्योगों के लिए कई अहम घोषणाएं की गई हैं। हालांकि, इस बजट को लेकर विपक्षी दलों की प्रतिक्रिया तीखी देखने को मिली है। कांग्रेस समेत कई विपक्षी नेताओं ने बजट को निराशाजनक बताया है।
केंद्रीय बजट 2026-27 पर प्रतिक्रिया देने के सवाल पर लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा, “मैं कल संसद द्वारा दिए गए मंच का इस्तेमाल करके बोलूंगा।” राहुल गांधी ने फिलहाल बजट पर विस्तृत टिप्पणी करने से परहेज किया है।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “अभी सिर्फ बजट भाषण सुना है, उसमें डिटेल बहुत कम है। हम केरल में घोषणाओं का इंतजार कर रहे थे लेकिन कुछ नहीं सुन पाए। एम्स का लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं, कुछ नहीं हुआ।” उन्होंने कहा कि केरल को लेकर उम्मीदें थीं, लेकिन बजट में कोई ठोस घोषणा नजर नहीं आई।
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कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने बजट को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, “आप खुद सत्ताधारी पार्टी के सदस्यों के चेहरे देखिए, वो कह रहे हैं कि इससे ज्यादा निराशाजनक, मनोबल गिराने वाला और धोखे वाला बजट नहीं हो सकता था। वो इसे अपने सभी बजट में सबसे निराशाजनक बजट बता रहे हैं। मैं बस इतना कहना चाहता हूं, इस बजट में कहीं भी ढूंढ लीजिए, किसानों के लिए कुछ नहीं है, युवाओं के लिए रोजगार के लिए कुछ नहीं है, देश की अर्थव्यवस्था के लिए कुछ नहीं है। कुल मिलाकर, अगर आप देखें तो यह बजट एक खोखले खिलौने जैसा है जिससे कोई आवाज भी नहीं आती। 2,300 से ज्यादा यूनिट्स का बंद होना ही इस बजट की कहानी बताता है।”
कांग्रेस सांसद जेबी माथेर ने कहा, “यह केरल के लिए बहुत निराशाजनक है। हमें बहुत उम्मीदें थीं कि हाई-स्पीड रेल सहित बड़ी परियोजनाओं की घोषणा की जाएगी, लेकिन कुछ भी घोषित नहीं किया गया है। चुनाव नजदीक होने के बावजूद, केरल पर ध्यान नहीं दिया गया है। हम आवंटन की विस्तार से जांच करेंगे, लेकिन पहली प्रतिक्रिया यह है कि यह केरल के लिए एक निराशाजनक बजट है।”
लोकसभा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने यूनियन बजट 2026 पर कहा, “क्या सरकार ने युवाओं, मिडिल क्लास, खिलाड़ियों, किसानों या महिलाओं की सुरक्षा के लिए कुछ किया है? इस बजट में कुछ नहीं है। यह एक 'फेकू' बजट है। बजट PMO में तैयार किया गया है, इसीलिए प्रधानमंत्री इसकी तारीफ कर रहे हैं।”
कुल मिलाकर, विपक्षी नेताओं ने Budget 2026-27 को लेकर सरकार पर कई सवाल खड़े किए हैं। किसानों, युवाओं, राज्यों और रोजगार को लेकर बजट में कमी बताई जा रही है। आने वाले दिनों में संसद के भीतर और बाहर इस बजट पर सियासी बहस और तेज होने के आसार हैं।