होटल इंडस्ट्री को बड़ी राहत या पर्यावरण के लिए नई चुनौती? जानिए सस्टेनेबिलिटी एक्सपर्ट पूर्वा अवस्थी से

डाइनामाइट न्यूज के चर्चित सस्टेनेबिलिटी टॉक शो में एक्सपर्ट पूर्वा अवस्थी ने इस अहम मुद्दे पर रोशनी डाली। उन्होंने बताया बड़े होटल भी प्रदूषण के मामले में पैनरी और केमिकल फैक्ट्री जैसी श्रेणी में रखे जाते थे लेकिन आखिर जुलाई 2026 में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) ने ऐसा क्या बदलाव किया, जिससे होटल इंडस्ट्री के लिए नियमों का नजरिया बदल गया?

Post Published By: Jay Chauhan
Updated : 30 October 2026, 8:39 AM IST
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New Delhi: डाइनामाइट न्यूज के चर्चित सस्टेनेबिलिटी टॉक शो में एक्सपर्ट पूर्वा अवस्थी ने होटल इंडस्ट्री और प्रदूषण नियमों से जुड़े अहम मुद्दे पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि पहले बड़े होटलों को प्रदूषण नियंत्रण के लिहाज से पैनरी और केमिकल फैक्ट्री जैसी श्रेणियों में रखा जाता था लेकिन जुलाई 2026 में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) ने नियमों में बदलाव किया।

इस बदलाव के पीछे क्या वजह रही, होटल कारोबार पर इसका क्या असर होगा और आम लोगों की जिंदगी इससे कैसे प्रभावित हो सकती है—इन सवालों को पूर्वा अवस्थी ने विस्तार से समझाया। इस विषय को जानने के लिए अपने आगे के वीडियो में बताया। पूरा वीडियो जरूर देखें।

ईएसजी (ESG) और सस्टेनेबिलिटी को आसान भाषा में समझें तो इनका मतलब है कि किसी कंपनी या कारोबार को इस तरह चलाना, जिससे पर्यावरण को नुकसान कम हो, समाज को फायदा मिले और भविष्य भी सुरक्षित रहे।

 

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1. ईएसजी (ESG) क्या है?

ESG तीन अंग्रेजी शब्दों से मिलकर बना है:

  • E – Environmental (पर्यावरण): कंपनी प्रदूषण कितना कम करती है? पानी और बिजली की बचत करती है या नहीं?

  • S – Social (सामाजिक जिम्मेदारी): कंपनी अपने कर्मचारियों, ग्राहकों और समाज के साथ कैसा व्यवहार करती है?

  • G – Governance (प्रबंधन): कंपनी में कामकाज ईमानदारी, पारदर्शिता और नियमों के अनुसार होता है या नहीं?

2. सस्टेनेबिलिटी क्या है?

सस्टेनेबिलिटी का मतलब है ऐसा विकास करना, जिससे आज की जरूरतें भी पूरी हों और आने वाली पीढ़ियों के लिए भी प्राकृतिक संसाधन बचे रहें।

उदाहरण के लिए, पेड़ काटने के बजाय नए पेड़ लगाना, पानी बर्बाद न करना, सौर ऊर्जा का इस्तेमाल करना और प्लास्टिक का कम उपयोग करना।

Location :  New Delhi

Published :  30 October 2026, 8:25 AM IST

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