“बस” का इंतजार और बढ़ती मुश्किलें: राजधानी में ड्राइवरों की हड़ताल का दूसरा दिन, वैकल्पिक साधनों की तलाश में भटके यात्री

दिल्ली में DTC बसों की हड़ताल का आज दूसरा दिन है, मंगलवार से जारी इस हड़ताल से लोगों को खासा मुसीबत झेलनी पड़ रही है, इसके चलते अन्य यातायात माध्यमों ने इसका फायदा उठाते हुए किराये के दामों में वृद्धि कर दी है।

Post Published By: Komal Chauhan
Updated : 17 September 2026, 3:16 PM IST
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New Delhi: दिल्ली में DTC बस ड्राइवरों की हड़ताल का असर दूसरे दिन भी देखने को मिला। रिपोर्टों के मुताबिक, करीब 5,000 बसों का संचालन प्रभावित रहा और रोजाना सफर करने वाले लाखों यात्रियों को वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ा। बस स्टॉप पर इंतजार, मेट्रो में बढ़ती भीड़ और महंगे ऑटो-कैब ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं।

कई इलाकों में बसों का इंतजार करते रहे यात्री

हड़ताल के कारण दिल्ली के कई प्रमुख इलाकों में बस सेवा प्रभावित रही। ITO, मंडी हाउस, कृषि भवन, करोल बाग, चाणक्यपुरी, दरियागंज, प्रगति मैदान और लक्ष्मी नगर जैसे इलाकों में यात्रियों को बसों का इंतजार करना पड़ा। कई यात्रियों ने बस नहीं मिलने पर मेट्रो, ऑटो और ई-रिक्शा का सहारा लिया। कुछ यात्रियों ने वैकल्पिक परिवहन के लिए सामान्य से अधिक किराया मांगे जाने की भी शिकायत की।

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5 हजार बसों के संचालन पर असर

DTC के बेड़े में करीब 6,500 बसें हैं। यूनियन की ओर से दावा किया गया कि इनमें से करीब 5,000 बसों का संचालन प्रभावित हुआ। प्रदर्शन में शामिल बड़ी संख्या में चालक नई इलेक्ट्रिक बसें चलाने वाले हैं। हड़ताल के कारण कई डिपो में बसें खड़ी रहीं। रिपोर्टों के अनुसार, कुछ स्थानों पर बस सेवाएं बाधित होने से स्कूल जाने वाले बच्चों, कर्मचारियों और रोजाना यात्रा करने वाले लोगों को भी परेशानी हुई।

क्या हैं ड्राइवरों की प्रमुख मांगें?

हड़ताल कर रहे कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में दैनिक वेतन बढ़ाकर 2,000 रुपये करना, मेडिकल सुविधा, ओवरटाइम का भुगतान, सालाना बोनस और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी सुविधाएं शामिल हैं। कर्मचारी सरकारी छुट्टियों के भुगतान, कैजुअल लीव, अर्नड लीव और बीमा जैसी सुविधाओं की भी मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने बस में नुकसान होने की स्थिति में लगाए जाने वाले जुर्माने को हटाने की मांग भी उठाई है।

सरकार ने क्या कहा?

दिल्ली के परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने ड्राइवरों से काम पर लौटने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सरकार कर्मचारियों की समस्याओं को सुनकर उनका समाधान करने के लिए तैयार है, लेकिन सार्वजनिक परिवहन सेवा बाधित नहीं होनी चाहिए। मंत्री के निर्देश के बाद DTC प्रबंधन ने बस संचालन से जुड़ी कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर हड़ताल की स्थिति पर जानकारी मांगी। इस बीच समस्या के समाधान को लेकर बातचीत पर नजर बनी हुई है।

मेट्रो ने बढ़ाई सेवाएं

बसों की कमी का असर मेट्रो पर भी दिखाई दिया। यात्रियों की बढ़ी संख्या को देखते हुए दिल्ली मेट्रो ने अतिरिक्त ट्रेनें चलाने और अतिरिक्त ट्रिप बढ़ाने की व्यवस्था की। इससे बस सेवा प्रभावित होने के दौरान यात्रियों को एक वैकल्पिक सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिल सकी।

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आगे क्या होगा

फिलहाल हड़ताल को लेकर कर्मचारियों और प्रशासन के बीच समाधान की कोशिशें जारी हैं। कर्मचारियों की मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात यूनियन की ओर से कही गई है। ऐसे में आने वाले दिनों में बस सेवा सामान्य होती है या हड़ताल आगे बढ़ती है, इस पर यात्रियों की नजर बनी हुई है।

Location :  New Delhi

Published :  17 September 2026, 3:16 PM IST

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