
देशभर में बढ़ेंगी 850 फास्ट-ट्रैक कोर्ट (Img: AI Generated)
New Delhi: दुष्कर्म और बच्चों के साथ होने वाले यौन अपराधों के मामलों में जल्द न्याय दिलाने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने देशभर में 850 फास्ट-ट्रैक स्पेशल कोर्ट (FTSC) को जारी रखने और मजबूत बनाने की मंजूरी दे दी है। इस योजना पर कुल 3,788.04 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सरकार का मकसद उन पीड़ितों को जल्द न्याय दिलाना है, जिन्हें लंबे समय तक अदालतों के चक्कर लगाने पड़ते हैं।
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को कैबिनेट के फैसले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस योजना में रेप और बच्चों के यौन शोषण से जुड़े मामलों की सुनवाई करने वाली विशेष अदालतें शामिल हैं। यह व्यवस्था 29 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू की जाएगी। सरकार का मानना है कि इन अदालतों को मजबूत करने से लंबित मामलों की सुनवाई में तेजी आएगी। खासतौर पर उन जिलों को इसका फायदा मिलेगा, जहां ऐसे मामलों की संख्या अधिक है और मुकदमों का बोझ लगातार बढ़ रहा है।
फिलहाल देश में 779 फास्ट-ट्रैक स्पेशल कोर्ट काम कर रहे हैं। इनमें 399 विशेष POCSO अदालतें शामिल हैं। अब इनकी कुल संख्या बढ़ाकर 850 की जाएगी। इसके साथ ही अदालतों का दायरा भी उन जिलों तक पहुंचाया जाएगा, जहां रेप और बच्चों के खिलाफ यौन अपराधों के मामले बड़ी संख्या में लंबित हैं।
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POCSO यानी प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंसेस एक्ट बच्चों को यौन अपराधों से सुरक्षा देने वाला कानून है। इसके तहत दर्ज मामलों की सुनवाई के लिए विशेष अदालतों की व्यवस्था की गई है।
योजना के तहत प्रत्येक फास्ट-ट्रैक कोर्ट में एक न्यायिक अधिकारी, एक विशेष लोक अभियोजक और छह सहायक कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। इस व्यवस्था का उद्देश्य सुनवाई से जुड़ी प्रक्रिया को व्यवस्थित करना और मामलों के निपटारे में होने वाली देरी को कम करना है। केंद्र सरकार राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को अदालतों के संचालन के लिए आर्थिक मदद भी देगी। यह सहायता केंद्र प्रायोजित योजना (CSS) के तहत तय फंडिंग व्यवस्था के अनुसार उपलब्ध कराई जाएगी।
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फास्ट-ट्रैक स्पेशल कोर्ट शुरू करने के पीछे सबसे बड़ा उद्देश्य यौन अपराधों के मामलों में समय पर सुनवाई सुनिश्चित करना था। अब सरकार ने इनके विस्तार और मजबूती के लिए नई मंजूरी दी है।
Location : New Delhi
Published : 4 November 2026, 5:27 PM IST