
नीला ड्रम हत्याकांड
Meerut: उत्तर प्रदेश के मेरठ में चर्चित नीले ड्रम वाले सौरभ हत्याकांड ने एक बार फिर न्यायालय परिसर में हलचल तेज कर दी है। जिस वारदात ने पूरे इलाके को दहला दिया था, अब वह कोर्ट के अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। जिला न्यायालय में चल रही सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों के बयानों और सबूतों को पेश कर मामले की कड़ियों को मजबूती से जोड़ने का प्रयास किया है। इस बहुचर्चित केस में आरोपियों पर पति की निर्मम हत्या का गंभीर आरोप है और अब फैसला नजदीक माना जा रहा है।
यह पूरा मामला मेरठ के ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र का है, जहां कुछ समय पहले एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई थी। आरोप है कि मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर अपने पति सौरभ की हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड ने उस समय पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी थी, खासकर इसलिए क्योंकि वारदात के बाद शव को छिपाने और नष्ट करने की कोशिशों की बातें भी सामने आई थीं, जिसके चलते इसे “नीले ड्रम कांड” के नाम से भी जाना गया।
गुरुवार को जिला न्यायालय में इस मामले की सुनवाई का तीसरा चरण पूरा हुआ। जिला जज अरविंद मिश्रा की अदालत में अभियोजन पक्ष ने अंतिम बहस पेश करते हुए केस की पूरी कड़ी को एक-एक कर न्यायालय के सामने रखा। जिला शासकीय अधिवक्ता ने दलील दी कि इस मामले में कई महत्वपूर्ण गवाहों के बयान पहले ही दर्ज किए जा चुके हैं, जो आरोपियों की भूमिका को स्पष्ट करते हैं।
अभियोजन पक्ष ने अदालत में सौरभ की मां रेणू के बयान का हवाला दिया, जिसमें उन्होंने बताया था कि उनके बेटे सौरभ ने पहले ही उन्हें यह आशंका जताई थी कि उसकी पत्नी मुस्कान का साहिल शुक्ला के साथ संबंध है और उसे खतरा हो सकता है।
मामले में आरोप है कि दोनों आरोपियों ने मिलकर योजनाबद्ध तरीके से सौरभ की हत्या की और बाद में सबूत मिटाने की कोशिश की। पुलिस जांच में पहले ही कई ऐसे संकेत मिले थे, जिनसे यह मामला एक साधारण हत्या न होकर सुनियोजित अपराध प्रतीत हुआ।
Location : Meerut
Published : 5 June 2026, 7:43 AM IST