बलरामपुर में अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम पर हमला, सरकारी नक्शा फाड़ा; पांच लोगों पर मुकदमा दर्ज

उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले में सरकारी तालाब की जमीन से अवैध कब्जा हटाने पहुंची पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम पर ग्रामीणों ने कथित तौर पर हमला कर दिया। आरोप है कि अधिकारियों से धक्का-मुक्की की गई, पुलिसकर्मियों की नेम प्लेट और बैज नोच दिए गए तथा सरकारी नक्शा फाड़ दिया गया। पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 28 July 2026, 4:05 PM IST

Balrampur: बलरामपुर जिले के तुलसीपुर तहसील क्षेत्र में सरकारी तालाब की जमीन पर अतिक्रमण हटाने पहुंची प्रशासनिक टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा। कार्रवाई शुरू होते ही माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया और देखते ही देखते मौके पर हंगामा शुरू हो गया। आरोप है कि कुछ लोगों ने पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम को घेर लिया, अधिकारियों के साथ धक्का-मुक्की की, पुलिसकर्मियों की वर्दी पर लगे बैज और नेम प्लेट तक नोच डाले। इतना ही नहीं, लेखपाल के हाथ से सरकारी बंदोबस्ती का नक्शा छीनकर फाड़ दिया गया और सरकारी कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी भी दी गई। घटना के बाद पुलिस ने पांच नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।

सरकारी तालाब की जमीन पर चल रही थी कार्रवाई

यह मामला बलरामपुर के गौरा चौराहा थाना क्षेत्र के महुवा गांव का है। प्रशासन के अनुसार, उपजिलाधिकारी हेमंत कुमार गुप्त के निर्देश पर गाटा संख्या 644, रकबा 0.1500 हेक्टेयर, जो सरकारी तालाब की भूमि बताई गई है, उसकी पैमाइश कराई गई थी। इसके बाद पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम अवैध निर्माण हटाने के लिए मौके पर पहुंची। शुरुआत में कार्रवाई सामान्य ढंग से चल रही थी, लेकिन जैसे ही अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी, मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने विरोध शुरू कर दिया।

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सरकारी दस्तावेज फाड़ने का आरोप

प्रशासन का आरोप है कि शिवकुमार नामक व्यक्ति के उकसावे पर उसके परिजन और अन्य लोग एकत्र हो गए और कार्रवाई का विरोध करने लगे। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और कथित तौर पर अधिकारियों तथा पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की और हाथापाई होने लगी। आरोप है कि इसी दौरान पुलिसकर्मियों की वर्दी पर लगे बैज और नेम प्लेट भी नोच दिए गए। वहीं हलका लेखपाल बृजेश कुमार सिंह के हाथ से सरकारी बंदोबस्ती का नक्शा छीनकर फाड़ दिया गया। अधिकारियों का आरोप है कि टीम को जान से मारने की धमकी देकर सरकारी कार्रवाई रुकवाने की कोशिश भी की गई।

लेखपाल की तहरीर पर पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा

घटना के बाद लेखपाल बृजेश कुमार सिंह ने गौरा चौराहा थाने में लिखित तहरीर दी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने शिवकुमार, रमेश, प्रभावती, चन्द्रावती और सावित्री के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, मारपीट, सरकारी दस्तावेज नष्ट करने और धमकी देने समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि मामले में सभी आरोपों की जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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पुलिस बोली- दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई

गौरा चौराहा थाना प्रभारी हरीश सिंह ने बताया कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है। घटनास्थल से जुड़े साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Location :  Balrampur

Published :  28 July 2026, 4:05 PM IST