रात से सुबह हुई पर जंग अभी भी जारी… थाली-चम्मच से फिर गूंजा जंतर-मंतर! दीपके ने किया बड़ा ऐलान

NEET विवाद को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर अभिजीत दीपके और समर्थकों का प्रदर्शन जारी है। प्रदर्शनकारी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। रातभर चले धरने में सोनम वांगचुक भी शामिल हुए और छात्रों के समर्थन में आवाज उठाई।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 21 June 2026, 9:59 AM IST

New Delhi: NEET परीक्षा में कथित गड़बड़ियों और पेपर लीक के आरोपों को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन अब बड़ा रूप लेता जा रहा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके और उनके समर्थक शनिवार पूरी रात धरना स्थल पर डटे रहे। रविवार को भी प्रदर्शन जारी रहा। अभिजीत दीपके ने साफ शब्दों में कहा है कि जब तक शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते, तब तक वह जंतर-मंतर से नहीं हटेंगे। देर रात तक प्रदर्शनकारी मोबाइल फोन की टॉर्च जलाकर विरोध दर्ज कराते रहे और सरकार के खिलाफ नारे लगाते रहे। प्रदर्शन के दौरान भारी संख्या में पुलिस बल भी तैनात रहा। दिल्ली पुलिस की ओर से शनिवार शाम पांच बजे के बाद प्रदर्शन जारी रखने की अनुमति नहीं दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद प्रदर्शनकारी मौके पर डटे रहे।

रातभर चलता रहा विरोध प्रदर्शन

शनिवार शाम से शुरू हुआ विरोध धीरे-धीरे रात तक पहुंच गया। प्रदर्शनकारियों ने जंतर-मंतर पर ही रुककर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। अभिजीत दीपके ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर वीडियो जारी कर लोगों से रविवार सुबह नौ बजे जंतर-मंतर पहुंचने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन सिर्फ कुछ लोगों का नहीं बल्कि छात्रों के भविष्य से जुड़ा मुद्दा है। उन्होंने कहा कि लोगों के समर्थन के बिना यह मुहिम सफल नहीं होगी। दीपके ने दोहराया कि उनकी मुख्य मांग शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा है और जब तक यह मांग पूरी नहीं होगी, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा।

CJP Protest : आखिर क्यों नहीं हटे अभिजीत दीपके? जंतर-मंतर की रात में हुआ बड़ा घटनाक्रम

पुलिस ने दी थी प्रदर्शन खत्म करने की अपील

दिल्ली पुलिस ने शनिवार शाम को तय समय खत्म होने के बाद प्रदर्शन जारी रखने की अनुमति नहीं दी थी। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से जंतर-मंतर खाली करने की अपील की। हालांकि प्रदर्शनकारियों ने अपनी जगह छोड़ने से इनकार कर दिया। उनका कहना था कि वह शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग उठा रहे हैं और जब तक उनकी बात नहीं सुनी जाएगी, वह आंदोलन जारी रखेंगे। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत का माहौल बना रहा, लेकिन प्रदर्शनकारी अपनी मांग पर अड़े रहे।

सोनम वांगचुक भी पहुंचे समर्थन में

प्रदर्शन में जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी शामिल हुए। उन्होंने छात्रों के मुद्दे पर समर्थन जताते हुए ऐलान किया कि अगर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते हैं तो वह 27 जून से अनशन शुरू करेंगे। वांगचुक के पहुंचने से प्रदर्शनकारियों का उत्साह और बढ़ गया। उनके साथ मौजूद लोगों ने भी सरकार से इस मामले में जवाबदेही तय करने की मांग की। इस दौरान सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने थाली और चम्मच बजाकर विरोध जताया। पूरा जंतर-मंतर इलाका “धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो” के नारों से गूंज उठा।

आधी रात को आखिर ऐसा क्या हुआ कि गूंजने लगे ‘Go Pradhan Go’ के नारे? अभिजीत दीपके ने कहा- जेल भेज दो

थाली बजाकर जताया विरोध

अभिजीत दीपके ने प्रदर्शन के दौरान थाली बजाने को लेकर भी बयान दिया। उन्होंने कहा कि अगर थाली बजाने से कोरोना को भगाया जा सकता है तो थाली बजाकर शिक्षा मंत्री को भी हटाया जा सकता है। उनके इस बयान के बाद प्रदर्शन स्थल पर मौजूद लोगों ने जोरदार नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि परीक्षा प्रणाली में सुधार और छात्रों के भविष्य को लेकर सरकार को गंभीर कदम उठाने चाहिए।

पोस्टर और नारों से साधा निशाना

जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान कॉलेज छात्रों ने अलग-अलग तरीकों से अपनी बात रखी। कई छात्र हाथों में पोस्टर लेकर पहुंचे थे, जिनमें राजनीतिक तंज, फिल्मी डायलॉग और रचनात्मक नारे लिखे हुए थे। कुछ पोस्टरों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी की मुलाकात को लेकर तंज किया गया। एक पोस्टर पर लिखा था, “पेपर लीक कब बंद होगा, मेलोडी खाओ खुद जान जाओ।”

वहीं कुछ पोस्टरों में राजनीतिक घटनाओं पर कटाक्ष किया गया। एक पोस्टर पर राघव चड्ढा को लेकर भी टिप्पणी की गई। इसके अलावा फिल्मों के चर्चित डायलॉग भी पोस्टरों पर लिखे नजर आए। “गैंग्स ऑफ वासेपुर” और “गोलमाल” जैसे फिल्मों के डायलॉग के जरिए प्रदर्शनकारियों ने अपनी बात रखने की कोशिश की।

Location :  New Delhi

Published :  21 June 2026, 9:33 AM IST