बिहार पुलिस की वर्दी पर दाग! रिश्वत लेते दारोगा गिरफ्तार, निगरानी टीम ने रंगे हाथ दबोचा

बिहार के पश्चिम चंपारण जिले में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने शिकारपुर थाने में तैनात दारोगा उपेंद्र कुमार विद्यार्थी को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। शिकायत मिलने के बाद टीम ने जाल बिछाकर कार्रवाई की। अब मामले की जांच जारी है।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 24 August 2026, 3:16 PM IST

Bihar News: बिहार के पश्चिम चंपारण जिले से पुलिस विभाग को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां शिकारपुर थाने में तैनात एक दारोगा को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने सोमवार को कार्रवाई करते हुए दारोगा उपेंद्र कुमार विद्यार्थी को दबोच लिया। अचानक हुई इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

शिकायत के बाद निगरानी टीम ने बिछाया जाल

जानकारी के मुताबिक दारोगा उपेंद्र कुमार विद्यार्थी के खिलाफ निगरानी अन्वेषण ब्यूरो को रिश्वत मांगने की शिकायत मिली थी। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि एक मामले में मदद करने के नाम पर दारोगा उससे रिश्वत की मांग कर रहा है। शिकायत मिलने के बाद निगरानी विभाग ने मामले की जांच शुरू की। शुरुआती जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद टीम ने दारोगा को पकड़ने के लिए पूरी योजना तैयार की।

रकम लेते ही टीम ने किया गिरफ्तार

निगरानी टीम ने शिकायतकर्ता के माध्यम से दारोगा तक रिश्वत की रकम पहुंचाने की रणनीति बनाई। सोमवार को जैसे ही दारोगा ने कथित तौर पर रिश्वत की रकम ली, पहले से तैयार निगरानी टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। अचानक हुई इस कार्रवाई से थाना परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। टीम दारोगा को हिरासत में लेकर अपने साथ चली गई, जहां उससे पूछताछ की जा रही है।

पूरे मामले की जांच में जुटी टीम

गिरफ्तारी के बाद निगरानी अन्वेषण ब्यूरो अब यह पता लगाने में जुटा है कि रिश्वत किस मामले को लेकर मांगी गई थी और इस पूरे प्रकरण में किसी अन्य व्यक्ति या पुलिसकर्मी की भूमिका तो नहीं थी। जांच एजेंसी दारोगा के पुराने मामलों और संभावित लेनदेन की भी जानकारी जुटा सकती है। अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।

पुलिस विभाग पर उठे सवाल

इस कार्रवाई ने एक बार फिर पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। कानून व्यवस्था संभालने वाले पुलिसकर्मी पर ही रिश्वत लेने का आरोप लगना विभाग के लिए गंभीर मामला माना जा रहा है। निगरानी विभाग की इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ एक सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी पद का गलत इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।

इलाके में चर्चा तेज

दारोगा की गिरफ्तारी की खबर सामने आने के बाद शिकारपुर थाना और आसपास के इलाके में चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोग निगरानी टीम की कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ा कदम बता रहे हैं, फिलहाल गिरफ्तार दारोगा से पूछताछ जारी है। मामले में आगे की जानकारी जांच पूरी होने के बाद सामने आने की उम्मीद है।

Location :  Bihar

Published :  24 August 2026, 3:16 PM IST