खटीमा में जहरीली शराब से दो मौतों के बाद नैनीताल जिले में आबकारी विभाग ने सख्त अभियान चलाया। छह गोदामों और 25 दुकानों पर छापेमारी कर शराब के नमूने जांच के लिए भेजे गए।

आबकारी विभाग की छापेमारी
Nainital: खटीमा में जहरीली शराब पीने से दो लोगों की मौत ने पूरे जिले को हिला कर रख दिया है। इस घटना के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। कहीं और ऐसी दर्दनाक वारदात न हो, इसके लिए जिला प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है। नैनीताल जिले में अचानक आबकारी विभाग की टीमों ने मोर्चा संभालते हुए बड़े पैमाने पर छापेमारी अभियान चलाया। इस कार्रवाई ने शराब कारोबारियों में हड़कंप मचा दिया और पूरे जिले में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
डीएम के आदेश पर चला सघन अभियान
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल के निर्देश पर आबकारी विभाग ने नैनीताल जिले के कई संवेदनशील इलाकों में सघन प्रवर्तन अभियान शुरू किया। अचानक शुरू हुए इस अभियान में टीमों ने बिना किसी पूर्व सूचना के शराब के छह गोदामों और करीब 25 शराब की दुकानों पर छापेमारी की। हर स्थान पर मौजूद स्टॉक, बिक्री प्रक्रिया और अभिलेखों की गहनता से जांच की गई ताकि किसी भी तरह की अनियमितता को तुरंत पकड़ा जा सके।
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शराब के नमूने सील कर भेजे गए लैब
अभियान के दौरान आबकारी विभाग ने दुकानों से विभिन्न ब्रांडों की शराब के नमूने लिए। सभी नमूनों को नियमानुसार सील कर प्रयोगशाला भेजा गया है, ताकि यह जांच की जा सके कि कहीं शराब में मिलावट या गुणवत्ता से समझौता तो नहीं किया गया। विभाग इस बात को लेकर खासा सतर्क है कि बाजार में बिक रही शराब पूरी तरह सुरक्षित और मानकों के अनुरूप हो।
हल्द्वानी में भी हुई कड़ी जांच
अभियान के तहत हल्द्वानी क्षेत्र में संचालित एफएल-2 अनुज्ञापनों का भी बारीकी से निरीक्षण किया गया। यहां भंडारण व्यवस्था, उपलब्ध ब्रांडों और रिकॉर्ड संधारण की स्थिति का मूल्यांकन किया गया। टीम ने यह सुनिश्चित किया कि शराब का भंडारण तय मानकों के अनुसार हो और बिक्री विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप की जा रही हो।
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आबकारी विभाग का साफ संदेश
निरीक्षण में शामिल आबकारी इंस्पेक्टर धीरेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि जिलाधिकारी के आदेश के बाद पूरे जिले में सख्त जांच अभियान चलाया गया है। कई दुकानों से अलग-अलग ब्रांड के नमूने जांच के लिए भेजे जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि विभाग का मुख्य उद्देश्य लोगों की जान की सुरक्षा है और यह सुनिश्चित करना है कि कहीं भी अवैध या जहरीली शराब की बिक्री न हो। विभाग ने साफ किया है कि भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।