
पुलिस हिरासत में आरोपी (Img- X)
Haldwani: उत्तराखंड की नैनीताल पुलिस ने हल्द्वानी के मुखानी इलाके में आधी रात को बड़ी कार्रवाई करते हुए एक ऐसे अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो डिजिटल करेंसी (क्रिप्टो) और दूसरों के बैंक खातों की मदद से काले धन को सफेद करने में जुटा था। यह गिरोह मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड तक अपना जाल फैला चुका था।
इस अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट के सदस्य आम लोगों को थोड़े से कमीशन का लालच देकर उनके बैंक खाते, एटीएम और चेकबुक हासिल करते थे और फिर साइबर ठगी की रकम को इन्हीं म्यूल खातों (Mule Accounts) के जरिए ठिकाने लगाते थे।
पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह का मुख्य सरगना राहुल यादव बेहद शातिराना अंदाज में काम करता था। वह क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंज 'बाइनेंस' (Binance) के माध्यम से नकदी देकर यूएसडीटी (USDT) खरीदता था।
इसके बाद वह बिना किसी अनुमति के चल रहे 'यूएमएएसटीईआर' (UMASTER) ऐप के जरिए इस डिजिटल करेंसी को आगे बेच देता था। ठगी की रकम को एटीएम और कैश डिपॉजिट मशीनों (CDM) के माध्यम से निकालकर दूसरे खातों में ट्रांसफर कर दिया जाता था।
एसएसपी डॉ. मंजुनाथ टीसी के निर्देश पर मुखानी थाना पुलिस, एसओजी और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने पांच और छह सितंबर की दरमियानी रात मुखानी क्षेत्र में सटीक सूचना के आधार पर छापेमारी की। मौके से मुख्य सरगना राहुल यादव सहित 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि दो नाबालिग किशोरों को भी संरक्षण में लिया गया है।
आरोपियों के पास से 1.18 लाख रुपये कैश, आईफोन 17 प्रो, सैमसंग एस24 अल्ट्रा जैसे महंगे स्मार्टफोन्स, लैपटॉप, 24 अलग-अलग बैंकों के एटीएम कार्ड और दर्जनों पासबुक-चेकबुक बरामद हुई हैं।
इस मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT Act) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब गिरोह से जुड़े दो फरार अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है और इनके बैंक खातों की पूरी हिस्ट्री खंगाल रही है। सफलता हासिल करने वाली पुलिस टीम को प्रोत्साहन के रूप में नकद पुरस्कार देने की भी घोषणा की गई है।
Location : Haldwani
Published : 6 September 2026, 3:47 PM IST