रामनगर में शराब दुकान खोलने का विरोध, ग्रामीणों ने विधायक को घेरा

रामनगर के ढिकुली गांव में प्रस्तावित शराब की दुकान के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। भाजपा समर्थकों ने विधायक कार्यालय पहुंचकर विरोध जताया और चेतावनी दी कि निर्णय वापस नहीं लिया गया तो आंदोलन तेज किया जाएगा।

Post Published By: सौम्या सिंह
Updated : 5 April 2026, 2:51 PM IST

Ramnagar: धिकुली ग्रामसभा में प्रस्तावित शराब की दुकान को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा खुलकर सामने आ गया है। बड़ी संख्या में ग्रामीण एकजुट होकर रामनगर स्थित विधायक कार्यालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। इस विरोध प्रदर्शन ने क्षेत्र की सियासत को गर्मा दिया है।

भाजपा समर्थकों की भी भागीदारी

इस प्रदर्शन की खास बात यह रही कि इसमें शामिल कई लोग भाजपा समर्थक और पार्टी से जुड़े जनप्रतिनिधि भी थे। आमतौर पर पार्टी लाइन से अलग इस तरह का विरोध कम ही देखने को मिलता है, जिससे यह मामला और ज्यादा चर्चाओं में आ गया है।

ग्राम प्रधान ने उठाए सवाल

प्रदर्शन का नेतृत्व कर रही ग्राम प्रधान खस्टी देवी ने सरकार की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार को युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने चाहिए, लेकिन इसके बजाय शराब की दुकान खोलकर नशे को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यह निर्णय वापस नहीं लिया गया तो 2027 के चुनाव में इसका असर देखने को मिलेगा।

जनप्रतिनिधियों में भी नाराजगी

क्षेत्र पंचायत सदस्य सुमन रावत ने भी इस फैसले पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि गांव पहले से ही बेरोजगारी जैसी समस्याओं से जूझ रहा है, लेकिन सरकार इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठा रही। उन्होंने साफ कहा कि ग्रामीण इस फैसले के खिलाफ किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं।

CM धामी के दौरे से पहले रामनगर में बवाल, काले गुब्बारे उड़ाकर यूथ कांग्रेस ने जताया विरोध

स्थानीय नेताओं का समर्थन

भाजपा के पूर्व ग्रामीण मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह रावत ने भी ग्रामीणों के विरोध का समर्थन किया। उन्होंने बताया कि आबकारी विभाग द्वारा यहां शराब की दुकान खोलने का प्रस्ताव रखा गया है, लेकिन स्थानीय लोग इसके सख्त खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाना उनकी जिम्मेदारी है।

पहले भी उठ चुका है मुद्दा

ग्रामीणों के अनुसार, यह मुद्दा पहले भी विधायक के सामने उठाया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसी कारण इस बार लोग एकजुट होकर ज्ञापन देने पहुंचे और अपना विरोध दर्ज कराया।

आंदोलन की चेतावनी

ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने निर्णय वापस नहीं लिया, तो वे धरना-प्रदर्शन, भूख हड़ताल और अन्य लोकतांत्रिक तरीकों से आंदोलन करेंगे। इससे आने वाले दिनों में स्थिति और गंभीर हो सकती है।

Uttarakhand: अपने पति के खिलाफ थाने पहुंची महिला, कहा- साहब इसने मेरी बेटी के साथ… रामनगर में शर्मनाक मामला

विधायक प्रतिनिधि को सौंपा ज्ञापन

विधायक दीवान सिंह बिष्ट के कार्यालय में उनकी अनुपस्थिति के कारण उनके प्रतिनिधि जगमोहन सिंह बिष्ट ने ग्रामीणों से ज्ञापन लिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जाएगा और ग्रामीणों की भावनाओं का सम्मान किया जाएगा।

बढ़ी सियासी हलचल

इस पूरे घटनाक्रम ने क्षेत्र में सियासी हलचल तेज कर दी है। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि सरकार इस जनविरोध को किस तरह से संभालती है और क्या फैसला लेती है।

Location : 
  • Ramnagar

Published : 
  • 5 April 2026, 2:51 PM IST