बदायूं में दर्दनाक हादसा, गले में मोती फंसने से चली गई मासूम छात्रा की जान, स्कूल प्रबंधन की बड़ी लापरवाही

बदायूं जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां क्लास के दौरान मोती निगलने से चार साल की मासूम छात्रा की मौत हो गई। घटना के बाद से बिना मान्यता के चल रहे स्कूल की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 17 February 2026, 1:05 PM IST

Badaun:  बदायूं जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां क्लास के दौरान मोती निगलने से चार साल की मासूम छात्रा की मौत हो गई। घटना के बाद से बिना मान्यता के चल रहे स्कूल की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।

यह है पूरा मामला

जानकारी के अनुसार मामला अलापुर थाना क्षेत्र के ककराला कस्बे का है, जहां बिना मान्यता के संचालित न्यू हॉप्स पब्लिक स्कूल में कक्षा एक की छात्रा तापसी, पुत्री टेकचंद्र, ने जमीन पर पड़ा एक मोती निगल लिया। मोती गले में फंसने से छात्रा को सांस लेने में दिक्कत होने लगी। हालत बिगड़ते देख स्कूल प्रशासन ने तुरंत परिजनों को सूचना दी।

परिवार में मचा कोहराम

परिजन बच्ची को स्कूल स्टाफ के साथ स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, लेकिन वहां उपचार नहीं मिल सका। इसके बाद बच्ची को जिला मुख्यालय स्थित अस्पताल ले जाया गया, जहां भी समय पर इलाज नहीं हो पाया। उपचार में देरी के कारण मासूम ने दम तोड़ दिया, जिससे परिवार में कोहराम मच गया।

ट्रेन की चपेट में आया हाथी, झारखंड से सोनभद्र तक असर, आवाजाही भी ठप

प्रधानाचार्य भूराज सिंह ने क्या कहा?

घटना को लेकर स्कूल के प्रधानाचार्य भूराज सिंह का कहना है कि स्कूल प्रशासन ने बच्ची को बचाने के लिए हर संभव प्रयास किया। उन्होंने बताया कि स्कूल की गाड़ी से छात्रा को तत्काल अस्पताल ले जाया गया और तीन अलग-अलग चिकित्सकों को भी दिखाया गया, लेकिन बच्ची को बचाया नहीं जा सका। उनका कहना है कि इस दुखद घड़ी में स्कूल प्रशासन पूरी तरह से परिवार के साथ खड़ा है और किसी भी जांच या कार्रवाई में सहयोग करने को तैयार है।

 

वहीं पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में स्कूल की मान्यता और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जाएगी और लापरवाही मिलने पर संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Chandauli: तहसील के अंदर चल रहा था रिश्वत का खेल, फिर एंटी करप्शन टीम ने रंगे हाथ पकड़ा लेखपाल, जानें पूरा मामला

इस हृदयविदारक घटना ने एक बार फिर स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा, चिकित्सा सुविधा की उपलब्धता और बिना मान्यता संचालित संस्थानों की निगरानी पर बहस तेज कर दी है। स्थानीय लोगों ने दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम की मांग की है।

Location : 
  • Badaun

Published : 
  • 17 February 2026, 1:05 PM IST