
थाना कैराना (Img: Google)
Shamli: यूपी के शामली जिले में रिश्तों को तार-तार करने वाला एक खौफनाक मामला सामने आया है। कैराना थाना क्षेत्र के कांधला मार्ग स्थित एक आम के बाग में रविवार सुबह एक युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान 32 वर्षीय असलम के रूप में हुई, जिसकी गला रेतकर निर्मम हत्या की गई थी। पुलिस ने इस दिल दहला देने वाले हत्याकांड का मात्र 12 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए मृतक की पत्नी, उसके प्रेमी और साले को गिरफ्तार कर लिया है।
प्रेम-प्रसंग बना हत्या की वजह
पुलिस अधीक्षक रामसेवक गौतम ने प्रेसवार्ता में जानकारी दी कि मृतक असलम की पत्नी आसमीन का इंतजार नामक युवक से प्रेम संबंध था। असलम को जब इस बात की भनक लगी, तो वह इसका विरोध करने लगा। इससे नाराज़ होकर आसमीन ने अपने प्रेमी इंतजार और भाई हारुन के साथ मिलकर असलम की हत्या की योजना बनाई। तीनों ने मिलकर उसे टेंपो में बैठाया और आम के बाग में ले जाकर धारदार छूरे से उसका गला रेत दिया।
हत्या के पीछे सोची-समझी साजिश
एसपी ने बताया कि आरोपियों ने हत्या से पहले पूरी योजना बनाई थी। अपराध में प्रयुक्त छूरा और टेंपो को भी पुलिस ने बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस की एसओजी, सर्विलांस और क्राइम ब्रांच टीम ने मिलकर तेजी से कार्रवाई की और मामले का खुलासा किया। इस सराहनीय कार्य के लिए पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की गई है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
रविवार सुबह करीब 9:15 बजे पुलिस को सूचना मिली कि कांधला मार्ग के पास आम के बाग में एक युवक का शव पड़ा है। मौके पर पहुंची पुलिस को मृतक की जेब से आधार कार्ड मिला, जिसके आधार पर शव की पहचान मोहल्ला खैल खालापार निवासी असलम के रूप में हुई। शव की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। शव को पोस्टमार्टम के बाद रविवार देर शाम सुपुर्द-ए-खाक किया गया।
नौ साल पहले हुआ था प्रेम विवाह
मृतक असलम चार भाइयों में दूसरे नंबर पर था। उसने नौ साल पहले फतेहपुर पुट्टी की रहने वाली आसमीन से प्रेम विवाह किया था, जो उसकी बहन की ननद थी। असलम के चार छोटे-छोटे बच्चे हैं, पांच वर्षीय असद, चार वर्षीय अजहर, तीन वर्षीय आयत और एक वर्षीय आलिया। अब पिता की मौत और मां के जेल जाने के बाद इन बच्चों के पालन-पोषण को लेकर संकट खड़ा हो गया है।
बहन का भावुक बयान
मृतक की बहन शाहिस्ता ने बताया कि वह हाल ही में कांवड़ यात्रा के दौरान असलम के पास आठ दिन रहकर गई थी। असलम ने चार दिन पहले उसे फोन कर मिलने की इच्छा जताई थी और कहा था, "बहन, घर का नाश हो गया है।" शाहिस्ता ने कहा कि उसे अंदाजा नहीं था कि कुछ ही दिनों में वह अपने भाई की लाश देखने को मजबूर हो जाएगी।
Location : Shamli
Published : 11 August 2025, 3:08 PM IST