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मस्जिद की सुरक्षा बढ़ाई गई
संभल: उत्तर प्रदेश के संभल स्थित शाही जामा मस्जिद सर्वे विवाद मामले में सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार (1 सितंबर 2026) को होने वाली सुनवाई टल गई है। अब इस मामले पर सर्वोच्च अदालत 8 सितंबर 2026 को विस्तृत सुनवाई करेगी।
यह आदेश जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे की पीठ ने दिया। कोर्ट ने कहा कि मामले को विस्तार से सुनने की जरूरत है, इसलिए इसे ऐसे दिन सूचीबद्ध किया जाएगा, जब लंबी बहस के लिए पर्याप्त समय मिल सके।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह मामला महत्वपूर्ण कानूनी सवालों से जुड़ा है और दोनों पक्षों को विस्तार से सुना जाना जरूरी है।
पीठ ने निर्देश दिया कि मामले को किसी 'नॉन-मिसलेनियस डे' (मंगलवार, बुधवार या गुरुवार) को सूचीबद्ध किया जाए, ताकि सुनवाई के दौरान पर्याप्त समय दिया जा सके।
संभल शाही जामा मस्जिद की इंतजामिया कमेटी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है, जिसमें निचली अदालत के मस्जिद परिसर के सर्वे के आदेश को बरकरार रखा गया था।
मुस्लिम पक्ष का कहना है कि सर्वे का आदेश प्लेसेज ऑफ वर्शिप एक्ट, 1991 के प्रावधानों के खिलाफ है।
हिंदू संगठनों का दावा है कि संभल की शाही जामा मस्जिद का निर्माण एक प्राचीन श्री हरिहर मंदिर को तोड़कर किया गया था।
इसी दावे के आधार पर चंदौसी की सिविल कोर्ट ने मस्जिद परिसर का सर्वे कराने के लिए एडवोकेट कमिश्नर नियुक्त करने का आदेश दिया था।
पूजा स्थल अधिनियम, 1991 के तहत 15 अगस्त 1947 को किसी धार्मिक स्थल की जो स्थिति थी, उसे बनाए रखने का प्रावधान है।
इस कानून में:
मुस्लिम पक्ष इसी कानून का हवाला देते हुए सर्वे आदेश का विरोध कर रहा है।
सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई टलने के बाद स्थानीय प्रशासन ने संभल और आसपास के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है।प्रशासन का कहना है कि किसी भी तरह की अफवाह फैलने से रोकने और इलाके में शांति बनाए रखने के लिए निगरानी बढ़ाई गई है। अब दोनों पक्षों की नजरें 8 सितंबर को होने वाली सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर टिकी हैं।
Location : Sambhal
Published : 1 September 2026, 2:37 PM IST
Topics : Places of Worship Act 1991 Sambhal Jama Masjid Case Sambhal Mosque Survey Case Shahi Jama Masjid Survey Supreme Court Sambhal Hearing
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