महराजगंज में जमीन दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपी घनश्याम मिश्रा, उसकी पत्नी और दो अज्ञात सहयोगियों ने पीड़ित को फर्जी रजिस्ट्री और चेक देकर छल किया। पैसे मांगने पर जातिसूचक गालियां और जान से मारने की धमकी दी।

थाना कोतवाली महराजगंज (Img: Google)
Maharajganj: महराजगंज जनपद में जमीन दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी और बाद में पीड़ित को जातिसूचक गालियां देकर जान से मारने की धमकी देने का गंभीर मामला सामने आया है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, थाना कोतवाली पुलिस ने आरोपी घनश्याम मिश्रा, उसकी पत्नी रीना मिश्रा और दो अज्ञात सहयोगियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 एवं अनुसूचित जाति एवं जनजाति (नृशंसता निवारण) अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नगर पालिका परिषद महराजगंज के इंदिरा नगर वार्ड नंबर 10 निवासी संजय कुमार घर बनवाने के लिए जमीन की तलाश कर रहे थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात बिस्मिल नगर निवासी घनश्याम मिश्रा से हुई। घनश्याम मिश्रा ने अपने एक मित्र की जमीन बताते हुए बिस्मिल नगर क्षेत्र में स्थित पांच डिसमिल भूमि बेचने की पेशकश की। आरोपी की बातों पर भरोसा कर पीड़ित ने 28 मार्च 2022 को अपने स्टेट बैंक खाते से 3.50 लाख रुपये घनश्याम मिश्रा के खाते में ट्रांसफर कर दिए।
इसके बाद जमीन की रजिस्ट्री कराने के नाम पर पीड़ित से 6 लाख 30 हजार रुपये नकद रजिस्ट्री कार्यालय में लिए गए। आरोप है कि रजिस्ट्री के दिन नेटवर्क खराब होने का बहाना बनाकर रजिस्ट्रेशन टाल दिया गया और बाद में लगातार बहाने बनाकर तारीख आगे बढ़ाई जाती रही। जब पीड़ित को संदेह हुआ और उसने जमीन पर कब्जा दिलाने की मांग की, तो आरोपी टालमटोल करता रहा।
आरोप है कि जब संजय कुमार ने अपने पैसे वापस मांगने और कानूनी कार्रवाई की बात कही तो आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। दबाव बढ़ने पर आरोपी ने रकम लौटाने के नाम पर कई चेक दिए, लेकिन फर्जी हस्ताक्षर होने के कारण सभी चेक बैंक में बाउंस हो गए। बाद में थाना कोतवाली में एक सादे कागज पर 25 दिसंबर 2025 तक रकम लौटाने का इकरारनामा भी किया गया, लेकिन तय समय पर भी धनराशि वापस नहीं की गई।
पीड़ित का आरोप है कि 26 दिसंबर 2025 को दोपहर के समय मुख्यालय स्थित एक स्वीट हाउस के पास आरोपी घनश्याम मिश्रा अपनी पत्नी रीना मिश्रा और दो अज्ञात सहयोगियों के साथ पहुंचे और सरेआम जातिसूचक गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी दी और मारपीट के लिए दौड़ पड़ा। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर पीड़ित की जान बचाई।
घटना से मानसिक रूप से आहत पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 352, 351(3) और एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(2)(va) सहित अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।