
डीएम ने की स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक (Img: Dynamite News)
Mahrajganj: जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल प्रगति पर सख्त रुख अपनाया। बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों और जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा करते हुए डीएम ने स्पष्ट कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कई अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश जारी किए।
बैठक में प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्रों की समीक्षा के दौरान डीएम ने नामित वेंडर को निर्देश दिया कि जनपद के शेष 10 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर एक सप्ताह के भीतर जन औषधि केंद्र स्थापित किए जाएं, ताकि आम लोगों को सस्ती और गुणवत्तापूर्ण दवाएं आसानी से उपलब्ध हो सकें।
जिलाधिकारी ने जनपद एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान अगर कोई सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) अनुपस्थित मिलता है तो उसका उसी दिन का मानदेय तत्काल काट दिया जाए।
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टेलीमेडिसिन सेवा की समीक्षा में 10 चिकित्सा अधिकारियों द्वारा बेहद कम टेलीकंसल्टेशन किए जाने पर डीएम ने गहरी नाराजगी जताई और सभी संबंधित चिकित्साधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेषज्ञ चिकित्सकीय सलाह उपलब्ध कराने में टेलीमेडिसिन की महत्वपूर्ण भूमिका है और इसमें लापरवाही स्वीकार नहीं होगी।
आयुष्मान भारत योजना के तहत आयुष्मान कार्ड बनाने की धीमी प्रगति पर बीसीपीएम मुदिता त्रिपाठी (रतनपुर), परमेश्वर शाही (निचलौल) और धर्मेंद्र कुमार सिंह (पनियरा) का जुलाई माह का मानदेय रोकने और कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पनियरा, निचलौल और रतनपुर के प्रभारी चिकित्साधिकारियों को आयुष्मान वार्डों को मानकों के अनुरूप विकसित करने के निर्देश दिए गए।
जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा में पनियरा, बृजमनगंज, मिठौरा, फरेंदा और रतनपुर ब्लॉकों की प्रगति असंतोषजनक मिलने पर संबंधित प्रभारी चिकित्साधिकारियों को नोटिस जारी करने के आदेश दिए गए। वहीं मातृ मृत्यु समीक्षा में कई ब्लॉकों द्वारा शून्य रिपोर्टिंग मिलने पर डीएम ने आशा और एएनएम के माध्यम से प्रत्येक मातृ मृत्यु की समयबद्ध रिपोर्टिंग सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
बैठक में निष्क्रिय स्टाफ नर्सों को चिन्हित कर उनका स्थानांतरण विकासखंड लक्ष्मीपुर में करने के निर्देश भी दिए गए, जिससे वहां स्थित एफआरयू को पूरी क्षमता के साथ संचालित किया जा सके।
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राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस (10 अगस्त) की तैयारियों की समीक्षा करते हुए डीएम ने बताया कि जिले में 1 से 19 वर्ष आयु वर्ग के 14,92,148 बच्चों को स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और मदरसों के माध्यम से एल्बेंडाजोल की गोली खिलाई जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को 5 अगस्त से पहले प्रशिक्षण पूरा कराने और निजी विद्यालयों व मदरसों पर विशेष फोकस करने के निर्देश दिए।
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने दोहराया कि स्वास्थ्य विभाग की सभी योजनाएं शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता हैं और निर्धारित लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति हर हाल में सुनिश्चित की जाए। बैठक में सीएमओ डॉ. सुरेंद्र कुमार चौधरी, डीडीओ बी.एन. कन्नौजिया, सीएमएस डॉ. ए.के. द्विवेदी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश द्विवेदी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
Location : Maharajganj
Published : 28 July 2026, 3:48 PM IST