मतदाता सूची में नाम कटने का मुद्दा पहुंचा DM तक, गोरखपुर में समाजवादी पार्टी ने उठाई आवाज

गोरखपुर में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर समाजवादी पार्टी ने जिलाधिकारी दीपक मीणा से मुलाकात की। सपा नेताओं ने पात्र मतदाताओं के नाम हटाए जाने का आरोप लगाते हुए विलोपन सूची सार्वजनिक करने और बूथवार प्रति राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराने की मांग की...

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 16 September 2026, 5:37 AM IST

Gorakhpur News: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर गोरखपुर में समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन के सामने अपनी चिंताएं रखीं। मंगलवार को महानगर सपा के नेताओं ने जिलाधिकारी दीपक मीणा से मुलाकात कर सत्यापन के नाम पर पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने की शिकायत की। सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि महानगर समेत पूरे जनपद में समाजवादी विचारधारा से जुड़े और विशेष रूप से PDA समाज के मतदाताओं के नाम सूची से हटाने का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि, जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी लेखपाल या बीएलओ को नाम काटने का कोई आदेश नहीं दिया है।

डीएम को सौंपा ज्ञापन

सपा प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मतदाता सूची के सत्यापन और नाम विलोपन की प्रक्रिया को लेकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं। नेताओं ने कहा कि किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से हटना उसके लोकतांत्रिक अधिकार को प्रभावित करता है। इसलिए पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निर्धारित नियमों का पालन जरूरी है। सपा नेताओं ने मांग की कि विलोपन सूची को अंतिम रूप देने या प्रकाशन के लिए भेजने से पहले सभी विधानसभा क्षेत्रों में एआरओ के माध्यम से संबंधित तहसीलों में सूची सार्वजनिक रूप से चस्पा कराई जाए। उनका कहना था कि इससे मतदाता खुद अपने नाम की स्थिति देख सकेंगे और नाम हटाए जाने की स्थिति में समय रहते आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।

बूथवार विलोपन सूची राजनीतिक दलों को देने की मांग

प्रतिनिधिमंडल ने विलोपन सूची की बूथवार प्रति सभी राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। सपा नेताओं के मुताबिक, नाम हटाने की प्रक्रिया पारदर्शी होने से राजनीतिक दल भी अपने स्तर पर सूची की जांच कर सकेंगे। नेताओं ने कहा कि यदि किसी वास्तविक और पात्र मतदाता का नाम गलत तरीके से हटाया गया है तो राजनीतिक दल समय रहते संबंधित मामले को प्रशासन के सामने उठा सकते हैं। इससे मतदाता सूची को लेकर शिकायतों के समाधान में भी मदद मिलेगी।

सपा नेताओं ने लगाए गंभीर आरोप

सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि सत्यापन की प्रक्रिया के दौरान समाजवादी विचारधारा से जुड़े और विशेष रूप से PDA समाज के मतदाताओं के नाम हटाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष निगरानी कराने की मांग की। हालांकि, ये आरोप सपा प्रतिनिधिमंडल की ओर से लगाए गए हैं। प्रशासन की ओर से इन आरोपों की पुष्टि नहीं की गई है। जिलाधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को जांच के आधार पर कार्रवाई का भरोसा दिया।

डीएम बोले- नाम काटने का कोई आदेश नहीं दिया

जिलाधिकारी दीपक मीणा ने प्रतिनिधिमंडल को स्पष्ट किया कि उनकी ओर से किसी भी लेखपाल अथवा बीएलओ को मतदाता सूची से नाम काटने का कोई आदेश नहीं दिया गया है। डीएम ने कहा कि यदि प्रतिनिधिमंडल की ओर से लगाए गए आरोप जांच में सही पाए जाते हैं तो संबंधित मामले की जांच कराई जाएगी और दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

निष्पक्ष जांच की उम्मीद

डीएम के आश्वासन के बाद सपा नेताओं ने पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की उम्मीद जताई। नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए जरूरी है कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में सुरक्षित रहे और किसी का नाम बिना उचित जांच तथा निर्धारित प्रक्रिया के न हटाया जाए। प्रतिनिधिमंडल में महानगर महासचिव बृजनाथ मौर्य, महानगर उपाध्यक्ष हीरालाल यादव, नगीना प्रसाद साहनी, जियाउल इस्लाम, शहाब अंसारी, अमीरुद्दीन अंसारी समेत बड़ी संख्या में सपा नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Location :  Gorakhpur

Published :  16 September 2026, 5:37 AM IST