
पारिवारिक विवाद
गोरखपुर: पारिवारिक विवाद सुलझाने गई पुलिस पर ही हमला होने का मामला सामने आया है। बड़हलगंज थाना क्षेत्र के कतलही गांव में शुक्रवार को एक महिला ने पुलिस टीम पर हमला बोल दिया। घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। पुलिस ने तीन महिलाओं-निकिता यादव, उसकी मां अनिता देवी और बहन काजल यादव-को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू...
मिली जानकारी के अनुसार, कतलही गांव निवासी वीरेंद्र यादव के बेटे नीतेश यादव की शादी वर्ष 2022 में बड़हलगंज नगर पंचायत के बाछेपार मोहल्ला निवासी निकिता यादव से हुई थी। शादी के कुछ ही महीनों बाद पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि निकिता दहेज और अन्य बातों को लेकर ससुराल छोड़कर अपने मायके चली गई और वहीं रहने लगी। इस दौरान निकिता की मां अनिता देवी ने करीब डेढ़ वर्ष पहले नीतेश और उसके परिवार पर दहेज उत्पीड़न का मुकदमा भी दर्ज कराया था।
सास सरोजा देवी और घरवालों ने आपत्ति
ससुराल पक्ष का कहना है कि निकिता काफी समय से किसी अन्य युवक के संपर्क में थी और घर लौटने से इनकार कर रही थी। इसी बीच, शुक्रवार को निकिता अचानक अपने ससुराल पहुंच गई और जबरन वहीं रहने की जिद करने लगी। इस पर सास सरोजा देवी और घरवालों ने आपत्ति जताई। आरोप है कि निकिता ने घर में तोड़फोड़ शुरू कर दी और सरोजा की बेटी को दांत से काट लिया।
दोनों पक्षों को शांत कराने की कोशिश
विवाद बढ़ने पर सरोजा देवी ने पुलिस को 112 नंबर पर सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब दोनों पक्षों को शांत कराने की कोशिश की, तो निकिता ने पुलिसकर्मियों पर ही हमला कर दिया। महिला ने हाथापाई करते हुए पुलिसकर्मियों को धक्का-मुक्की और मारपीट कर घायल कर दिया। स्थिति बेकाबू होती देख अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा, जिसके बाद तीनों महिलाओं को हिरासत में ले लिया गया।
बारीकी से पड़ताल
एसएसआई के.के. गुप्ता ने बताया कि सरोजा देवी की तहरीर पर निकिता यादव, अनिता देवी और काजल यादव के खिलाफ धारा 115(2), 352, 351(3) और 324(2) के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजा गया है। पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं पर बारीकी से पड़ताल की जा रही है।
यह घटना न केवल पारिवारिक विवाद की जटिलता को उजागर करती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान पुलिस को किस तरह के अप्रत्याशित हालातों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। कई लोग कह रहे हैं कि ऐसी घटनाएं समाज में बढ़ते पारिवारिक तनाव और पुलिस पर घटती विश्वसनीयता का संकेत हैं।
Location : गोरखपुर
Published : 10 October 2025, 7:13 PM IST
Topics : Gorakhpur News UP Police Crime News UP News