चंदौली में गैस सिलेंडर को लेकर अचानक एजेंसियों पर भीड़ और अफरातफरी का माहौल बन गया। हालांकि जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में गैस की कोई कमी नहीं है। केवाईसी अपडेट और ओटीपी आधारित बुकिंग में सर्वर की तकनीकी समस्या के कारण लोगों को परेशानी हुई।

गैस भरवाने के लिए लगी भीड़
Chandauli: उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में अचानक गैस सिलेंडर को लेकर लोगों में अफरातफरी का माहौल बन गया। कई गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें देखने को मिलीं, जिससे लोगों में यह आशंका फैल गई कि जिले में गैस की कमी हो सकती है। हालांकि जिला प्रशासन ने साफ किया है कि चंदौली में गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं है और सप्लाई पूरी तरह सामान्य है।
दरअसल, केवाईसी अपडेट और ओटीपी आधारित गैस बुकिंग प्रक्रिया के दौरान सर्वर में आ रही तकनीकी समस्या के कारण लोगों को गैस बुक कराने में दिक्कत हो रही है। इसी वजह से कई उपभोक्ता सीधे गैस एजेंसियों पर पहुंचने लगे, जिससे वहां अचानक भीड़ बढ़ गई।
स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी चंद्रमोहन गर्ग ने तुरंत गैस एजेंसी संचालकों और पेट्रोल पंप मालिकों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा है कि जिले में गैस, पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए ताकि किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
DM ने यह भी चेतावनी दी है कि अगर किसी भी स्तर पर कालाबाजारी या जमाखोरी की शिकायत मिलती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने सभी एजेंसियों से पारदर्शिता के साथ काम करने और उपभोक्ताओं को सही जानकारी देने के निर्देश दिए हैं।
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जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। अधिकारियों का कहना है कि जिले में गैस सिलेंडर की सप्लाई सामान्य रूप से जारी है और घबराने की कोई जरूरत नहीं है।
जिला पूर्ति अधिकारी वासुदेव तिवारी ने बताया कि गैस बुकिंग में आ रही दिक्कत पूरी तरह तकनीकी है, जिसका समाधान जल्द किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सर्वर की समस्या के कारण कुछ समय के लिए ओटीपी आधारित बुकिंग प्रक्रिया प्रभावित हुई है, लेकिन गैस की उपलब्धता पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है।
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तकनीकी समस्या को जल्द सुलझाने के लिए प्रशासन सक्रिय हो गया है। इस संबंध में एडीएम स्तर पर बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें संबंधित विभागों और एजेंसियों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा कर समाधान निकाला जाएगा।
इसके साथ ही फील्ड अधिकारियों को भी सक्रिय कर दिया गया है ताकि कहीं भी कालाबाजारी या अनियमितता की स्थिति न बनने पाए। प्रशासन ने खासतौर पर सीमावर्ती इलाकों के पेट्रोल पंपों पर 24 घंटे निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था न फैल सके।