उत्तर प्रदेश के कई जिलों में ईद-उल-फितर का त्योहार इस बार अमन, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द की शानदार मिसाल बनकर सामने आया। मुजफ्फरनगर में वाल्मीकि समाज ने नमाजियों पर पुष्प वर्षा कर एकता का संदेश दिया, जबकि चंदौली, फतेहपुर और फर्रुखाबाद में भी नमाज, दुआ और गले मिलकर मुबारकबाद देने की खूबसूरत तस्वीरें देखने को मिली।

ईद पर अमन-चैन की दुआ करते हुए
Lucknow: ईद-उल-फितर के पाक मौके पर उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से ऐसी तस्वीरें सामने आई। जिन्होंने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि त्योहार सिर्फ खुशियां बांटने का नाम नहीं, बल्कि दिलों को जोड़ने का जरिया भी होते हैं। कहीं ईदगाहों और मस्जिदों में हजारों लोगों ने नमाज अदा कर देश में अमन-चैन, तरक्की और खुशहाली की दुआ मांगी तो कहीं सामाजिक सौहार्द की ऐसी मिसाल दिखी जिसने हर किसी का दिल जीत लिया।
मुजफ्फरनगर, चंदौली, फतेहपुर और फर्रुखाबाद से आई तस्वीरों में ईद का जश्न अपने पूरे रंग में नजर आया। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मुबारकबाद दी। बच्चों के चेहरों पर खुशी दिखी, बाजारों में रौनक रही और हर तरफ मोहब्बत का पैगाम बिखरा नजर आया।
मुजफ्फरनगर में वाल्मीकि समाज ने नमाजियों पर की पुष्प वर्षा
मुजफ्फरनगर में ईद के मौके पर एक बेहद खास और दिल छू लेने वाला नजारा देखने को मिला। आबकारी रोड स्थित जगत गुरु वाल्मीकि धाम पर भावाधस के नेतृत्व में वाल्मीकि समाज के लोगों ने ईद की नमाज अदा कर लौट रहे नमाजियों पर पुष्प वर्षा की और उन्हें ईद-उल-फितर की मुबारकबाद दी। इस मौके पर मौजूद लोगों ने इसे सामाजिक एकता और भाईचारे की नई मिसाल बताया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर पहुंचे दीपक गंभीर (अध्यक्ष वाल्मीकि क्रांति दल) ने कहा कि यह आयोजन सिर्फ फूल बरसाने तक सीमित नहीं है। बल्कि यह समाज में समानता, समरसता और नए भारत की सोच को मजबूत करने वाला कदम है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन से दलित-मुस्लिम एकता को बल मिलेगा और आपसी भेदभाव की दीवारें कमजोर होंगी। इस आयोजन में कई सामाजिक और राजनीतिक कार्यकर्ता भी मौजूद रहे और सभी ने मिलकर एकता का संदेश दिया।
चंदौली में ईदगाहों और मस्जिदों में उमड़ी भारी भीड़
चंदौली जिले में ईद-उल-फितर का त्योहार बड़े ही हर्षोल्लास और भाईचारे के साथ मनाया गया। सुबह से ही ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों ने पूरे अकीदत के साथ नमाज अदा की और देश में शांति, खुशहाली और तरक्की की दुआ मांगी। नमाज के बाद गले मिलकर एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद देने का खूबसूरत नजारा देखने को मिला।
बच्चों में खास उत्साह नजर आया। नए कपड़े, खिलौने और मिठाइयों के साथ उन्होंने त्योहार की खुशियां मनाईं। बाजारों में भी जबरदस्त रौनक रही और सेवइयों व मिठाइयों की दुकानों पर लोगों की भीड़ लगी रही। प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क दिखा और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए, जिससे त्योहार शांति और सौहार्द के माहौल में संपन्न हुआ।
फतेहपुर में ड्रोन निगरानी के बीच पढ़ी गई नमाज
फतेहपुर जिले के मंगी मकबरा ईदगाह में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच ईद की नमाज अदा की गई। जिला प्रशासन ने पूरे आयोजन पर ड्रोन कैमरे से नजर रखी। ईदगाह के आसपास सुरक्षा का कड़ा घेरा बनाया गया था और विवादित स्थल के पास बैरिकेडिंग कर किसी को भी वहां जाने की अनुमति नहीं दी गई। सुरक्षा को देखते हुए तीन सीओ, चार थानों की पुलिस, पीएसी और अन्य फोर्स मौके पर तैनात रही। डीएम और एसपी ने खुद सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी की।
नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी। इस मौके पर सांसद नरेश उत्तम ने जिलेवासियों को ईद की शुभकामनाएं देते हुए शांति और सौहार्द के साथ त्योहार मनाने की अपील की। नगर पालिका अध्यक्ष राजकुमार मौर्य ने बताया कि ईदगाह में साफ-सफाई, पानी, दरी और टेंट की व्यवस्था कराई गई थी। वहीं ईदगाह के इमाम हबीबुल इस्लाम ने कहा कि उन्होंने इस ईद पर देश में अमन-चैन और पुराने भाईचारे के फिर से मजबूत होने की दुआ मांगी है।
फर्रुखाबाद में सेवइयों की मिठास के साथ बंटा मोहब्बत का संदेश
फर्रुखाबाद के थाना जहानगंज क्षेत्र के ग्राम शर्फाबाद में भी ईद-उल-फितर पूरे उत्साह और भाईचारे के साथ मनाई गई। सुबह से ही लोगों में अलग ही उत्साह देखने को मिला। ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज अदा की गई, जहां देश में अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगी गईं। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मुबारकबाद दी और प्रेम व भाईचारे का संदेश फैलाया।
घर-घर में सेवइयां और तरह-तरह के पकवान बने, जिससे पूरे गांव और इलाके में खुशी का माहौल रहा। बच्चों और युवाओं की रौनक ने त्योहार की चमक और बढ़ा दी। पूरे माहौल में यही संदेश साफ था कि ईद सिर्फ एक धार्मिक त्योहार नहीं, बल्कि इंसानियत, एकता और मोहब्बत का भी पर्व है।
ईद के इस मौके पर उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से आई ये तस्वीरें यही बताती हैं कि जब दिल जुड़ते हैं तो त्योहार और भी खूबसूरत हो जाते हैं। रमजान की इबादतों के बाद आई ईद ने एक बार फिर मोहब्बत, बराबरी और भाईचारे का पैगाम दिया है।