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मायावती ने कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की (img: Dynamite News)
लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बीएसएफ ने पार्टी के संस्थापक कांशीराम के 20 वें परिनिर्वाण दिवस पर उन्हें भावभीनी शक्ति शक्ति की जयंती दी। बसपा ने कहा कि कांशीराम ने शोषण और पन्ने का सामना करके बहुजन समाज को वोट की ताकत के जरिए सत्ता की मालिक कुर्सी सौंपी और उन्हें शासक वर्ग बनाने का ऐतिहासिक काम किया।
बसपा ने अपने संदेश में कहा कि कांशीराम ने डॉ. भीमराव अंबेडकर के आत्मसम्मान और रूमानी आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित किया। उनके इसी संकल्प और संघर्ष का परिणाम था कि उत्तर प्रदेश बड़े राज्य की तरह बहुजन समाज पार्टी की चार बार सरकार बनी रहे।
बैस्ट ने कहा कि समाजवादी परिवर्तन के दौरान सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक मुक्ति की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किये गये। वे महात्मा ज्योतिबा फुले, नारायण गुरु, छत्रपति शाहूजी महाराज और डॉक्टर थे। बी.आर. अंबेडकर जैसे महापुरुषों के समतावादी विचारधारा का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि इन विचारों को उद्घाटित करने वाले संविधान की मूल भावना के सामुदायिक कार्य करने का प्रयास किया गया है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि उत्तर प्रदेश में तानाशाही शासन के दौरान अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था की व्यवस्था की गई थी। उनका कहना है, कानून के शासन और जन कल्याणकारी कार्यों के माध्यम से जनता को बेहतर प्रशासन देने का प्रयास ही कांशीराम की प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
समाजवादी पार्टी ने कांशीराम के मिशन को आगे बढ़ाने की योजना बनाई। परिनिर्वाण दिवस के अवसर पर कम्युनिस्ट पार्टी ने भी बहुजन समाज के अधिकार, सामाजिक समानता और राजनीतिक भागीदारी को मजबूत करने का संकल्प लिया।
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कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर राजधानी लखनऊ में बड़े कार्यक्रमों की तैयारी जारी है। सिद्धार्थ मॉल एवेन्यू स्थित सेंट्रल कैंप कार्यालय में कांशीराम को नक्षत्र नक्षत्र। वहीं, राजधानी के कांशीराम स्थल पर आयोजित मुख्य कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल को मुख्य अतिथि बनाया गया है।
नोएडा में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में शामिल हो गए हैं। शहर के विभिन्न देशों में नीले रंग के पोस्टर और बैनर लगाए गए हैं। पार्टी नेताओं ने कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की उम्मीद जताई है।
हालाँकि, पिछले साल की तरह इस बार भी किसी भी तरह की कोई बात सामने नहीं आई है। ऐसे में साक्षी की नजर इस बात पर है कि पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता कार्यक्रम में क्या संदेश देते हैं।
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दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में एसोसिएशन के राष्ट्रीय वकील ईशान आनंद शामिल होंगे। वहीं, हाल ही में पार्टी में वापसी के बाद नेशनल कमिश्नर द्वारा बनाए गए आकाश आनंद के कार्यक्रम को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
आकाश आनंद के प्रोजेक्ट को लेकर पवित्र के बीच चर्चा हो रही है, लेकिन उनके कार्यक्रम के बारे में अभी तक नहीं बताया गया है। ऐसे में कांशीराम परिनिर्वाण दिवस समारोह के साथ-साथ सपाइयों की आगामी राजनीतिक रणनीति और नेतृत्व की भूमिका पर भी नजर बनी हुई है।
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कांशीराम के निर्वाण दिवस पर केवल शपथ ग्रहण का अवसर नहीं, बल्कि पार्टी के आधार और बहुजन राजनीति के लक्ष्य को दोहराने का अवसर भी है। अब देखिएगा कि इस समारोह के माध्यम से पार्टी के अपने दार्शनिक और भावुक लोगों के लिए आने वाले समय के लिए क्या राजनीतिक संदेश संदेश हैं।
Location : Lucknow
Published : 9 October 2026, 1:01 PM IST