बदायूं के मीरसराय में बंद पड़ी अमर ज्योति कंपनी के एजेंट के पास पैसा मांगने आए लोगों और एजेंट के समर्थकों के बीच बहस हाथापाई में बदल गई। दोनों पक्षों के लगभग 50-50 लोग भिड़े और मामला खूनी संघर्ष में बदल गया, पुलिस ने हस्तक्षेप कर स्थिति नियंत्रण में ली।

अमर ज्योति कंपनी के जिन्न ने मचाया बवाल
Budaun: यूपी के बदायूं जिले के मीरसराय क्षेत्र में अमर ज्योति कंपनी का विवाद फिर उभर आया है। इस बार कंपनी के “जिन्न” के नाम से मशहूर विवाद का असर स्थानीय स्तर पर खूनी संघर्ष तक पहुंच गया। मथुरिया गेट के पास रहने वाले कार्तिक साहू, जो कंपनी में एजेंट का काम करता है, उसके पास कबूलपुरा के रहने वाले कुछ लोग अपना पैसा लेने पहुंचे थे। इस दौरान मामूली बहस अचानक हाथापाई में बदल गई और देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच खूनी संघर्ष छिड़ गया।
मामला तब बिगड़ा जब कबूलपुरा के रहने वाले कुछ लोग अमर ज्योति कंपनी में जमा राशि का पैसा लेने के लिए कार्तिक साहू के पास पहुंचे। अमर ज्योति कंपनी बंद होने के बाद से ही निवेशकों को उनके पैसे लौटाने का मुद्दा लगातार गर्म बना हुआ है। इस बार भी लोगों की नाराजगी और दबाव का असर झगड़े के रूप में सामने आया। शुरू में दोनों पक्षों के बीच बातचीत और बहस हुई, लेकिन विवाद बढ़ता गया और हाथापाई में बदल गया।
जैसे ही झगड़ा बढ़ा, दोनों ओर से लगभग 50-50 लोग मौके पर इकट्ठा हो गए। देखते ही देखते मामला बेकाबू हो गया और लाठी-डंडों से हुई मारपीट खूनी संघर्ष में तब्दील हो गई। स्थानीय लोगों ने बताया कि लड़ाई इतनी तेज थी कि आसपास के लोग भी डर गए और स्थिति को देखकर पुलिस को सूचना दी गई।
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मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस फोर्स तुरंत मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर किया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया और दोनों पक्षों को अलग-अलग थामने की कोशिश की। हालांकि, पहले से ही झड़प में कई लोग घायल हो चुके थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
झगड़े के बाद दोनों पक्षों ने सदर कोतवाली में अपनी-अपनी तहरीर दी है। शिकायतों में आरोप-प्रत्यारोप और मारपीट के विवरण शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, पुलिस ने कहा कि किसी भी तरह की सांप्रदायिक या बड़े स्तर की अशांति को रोकने के लिए सतर्कता बढ़ा दी गई है।
अमर ज्योति कंपनी के बंद होने के बाद से जिले में इस तरह के कई विवाद सामने आए हैं। निवेशकों को उनके पैसे वापस न मिलने से लोग लगातार परेशान हैं। कंपनी के एजेंटों के खिलाफ लोगों का गुस्सा अक्सर स्थानीय स्तर पर हिंसक घटनाओं में बदल जाता रहा है।
अमर ज्योति कंपनी को लेकर स्थानीय प्रशासन और पुलिस पहले भी सतर्क रहे हैं, लेकिन निवेशकों की बढ़ती नाराजगी से विवाद लगातार उभरता जा रहा है।
इस घटना के बाद प्रशासन ने क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि झगड़े के बाद इलाके में शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। साथ ही, पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और कानून के दायरे में रहकर ही अपनी मांगें उठाने की अपील की है।
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इस घटना के बाद सवाल उठ रहे हैं कि अमर ज्योति कंपनी के निवेशकों की समस्या का समाधान कब तक होगा। अगर पैसे वापस नहीं मिलते, तो ऐसे विवादों और संघर्षों का खतरा बढ़ सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस मुद्दे पर ठोस कदम उठाने की जरूरत है ताकि भविष्य में ऐसे हिंसक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।