अखिलेश यादव ने भाजपा पर लगाया झूठे प्रचार का आरोप, कहा- देश में मतपत्रों के जरिये हो मतदान

समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से मतदान कराये जाने पर निशाना साधते हुए सोमवार को कहा कि झूठे प्रचार के जरिये खुद को अव्वल बताने वाली सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दुनिया के अव्वल देश की तरह मतदान पत्र (बैलेट पेपर) के जरिये वोट डलवाये। पढ़ें पूरी रिपोर्ट डाइनामाइट न्यूज़ पर

Updated : 11 December 2023, 7:40 PM IST
google-preferred

लखनऊ: समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से मतदान कराये जाने पर निशाना साधते हुए सोमवार को कहा कि झूठे प्रचार के जरिये खुद को अव्वल बताने वाली सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दुनिया के अव्वल देश की तरह मतदान पत्र (बैलेट पेपर) के जरिये वोट डलवाये।

सपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजेन्द्र चौधरी ने यहां बताया कि पार्टी प्रमुख ने सैफई में आयोजित एक विवाह समारोह में शिरकत करते हुए संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि जनता को ठगने में भाजपा सरकार नम्बर एक है।

चौधरी के मुताबिक अखिलेश ने कहा, ‘‘सिर्फ प्रचार, झूठ और भ्रष्टाचार पर भाजपा की नींव टिकी है। किसी कम्पनी को आप पैसा दे दीजिए और कम्पनी बताएगी कि आप दुनिया में नम्बर वन हैं। दुनिया का जो नम्बर वन देश है वह बैलेट पेपर के जरिये मतदान कराता है। अगर आप (भाजपा) दुनिया में नम्बर वन हो गए हैं तो उसकी नकल कर मतदान पत्र के जरिये वोट डलवाइए, तब मानेंगे।''

सपा अध्यक्ष पूर्व में भी ईवीएम पर सवाल उठाते रहे हैं। हालांकि, उनकी यह टिप्पणी पांच राज्यों के हाल के विधानसभा चुनावों के बाद आयी है।

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने सत्तारूढ़ भाजपा पर निवेश के नाम पर सिर्फ जुमलेबाजी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि ‘इन्वेस्टर्स समिट’ के नाम पर 40 लाख करोड़ रुपये के निवेश का दावा सिर्फ कागज पर है, जमीन पर नहीं।

उन्होंने कहा, ''सरकार कहती है कि वह उत्तर प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनायेगी लेकिन जिस सरकार की अर्थव्यवस्था ही चौपट हो, वह एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था कैसे बनायेगी।''

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार सपा प्रमुख ने कहा, ''भाजपाई निवेश फाइलों पर है, जमीन पर सिर्फ जुमलेबाजी हो रही है। भाजपा सरकार का ‘इन्वेस्टर्स समिट’ के नाम पर 40 लाख करोड़ रुपये के निवेश का दावा सिर्फ कागज पर है। जमीन पर विकास नहीं है। सुनने में तो यह आया है कि जिन्होंने एमओयू किए थे, वे ढूंढ़े नहीं मिल रहे हैं। सरकारी मशीनरी उन्हें तलाश रही है। पूंजीवादी सरकार में प्रदेश का विकास संभव नहीं है।''

उन्होंने दावा किया कि भाजपा वर्ष 2014 में उत्तर प्रदेश के बूते ही सत्ता में आयी थी और वह 2024 में सत्ता के बाहर हो जाएगी।

Published : 
  • 11 December 2023, 7:40 PM IST

Related News

No related posts found.

Advertisement
Advertisement