पुलिस ने रोका तो वहीं देंगे धरना! रामलीला मैदान की रैली से पहले सहारनपुर में कांग्रेस ने भरी हुंकार, राहुल-खड़गे होंगे शामिल

क्या 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में कांग्रेस की रैली सरकार के खिलाफ बड़ा राजनीतिक संदेश देगी? गुरजीत सिंह औजला और इमरान मसूद ने कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में पहुंचने की अपील की है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 28 October 2026, 4:21 PM IST

Saharanpur: कांग्रेस ने 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में प्रस्तावित रैली को सफल बनाने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी सिलसिले में अमृतसर से कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औजला सहारनपुर पहुंचे। उन्होंने सांसद इमरान मसूद के आवास पर प्रेसवार्ता की और कांग्रेस कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में दिल्ली पहुंचने की अपील की। औजला ने कहा कि ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ और ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ के नारों के साथ लोकतंत्र की रक्षा के लिए आवाज उठाई जाएगी।

राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे समेत कई नेता होंगे शामिल

गुरजीत सिंह औजला ने बताया कि कांग्रेस की इस जनसभा में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रियंका गांधी और इंडिया ब्लॉक के अन्य नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि पार्टी इस रैली के जरिए देश में लोकतंत्र और मतदान प्रक्रिया की निष्पक्षता से जुड़े मुद्दे उठाएगी। औजला ने आरोप लगाया कि देश में वोट चोरी के जरिए सरकारें बनाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि इसी के विरोध में कांग्रेस ने दिल्ली के रामलीला मैदान में जनसभा आयोजित करने का फैसला किया है।

राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे (Img: IANS)

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कार्यकर्ताओं को जुटाने की तैयारी

सहारनपुर के सांसद और उत्तर प्रदेश में कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद के आवास पर पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक की गई। इसमें जिला अध्यक्षों, महानगर अध्यक्षों और संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं को रैली में शामिल करने की रणनीति पर चर्चा हुई। औजला ने कहा कि सहारनपुर से बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता दिल्ली पहुंचेंगे। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे रैली को सफल बनाने के लिए पूरी ताकत से जुट जाएं। उनके मुताबिक, पार्टी का उद्देश्य इस जनसभा के जरिए सरकार के सामने अपनी बात मजबूती से रखना है।

अनुमति नहीं मिली तो भी संघर्ष करेंगे

रैली के लिए अनुमति से जुड़े सवाल पर गुरजीत सिंह औजला ने कहा कि कांग्रेस का काम संघर्ष करना है। उन्होंने कहा कि आजादी से पहले भी कांग्रेस ने संघर्ष किया था और उस समय भी उसे हर जगह अनुमति नहीं मिलती थी। औजला ने आरोप लगाया कि पुलिस के जरिए कार्यकर्ताओं को परेशान करने की कोशिश की जाती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता ऐसे दबाव से डरने वाले नहीं हैं और लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराएंगे। उन्होंने देशवासियों से भी अपील की कि वे किसी भी राजनीतिक दल से जुड़े हों या किसी पार्टी से न जुड़े हों, अगर देश और लोकतंत्र की चिंता करते हैं तो 1 नवंबर को सुबह 10 बजे दिल्ली के रामलीला मैदान पहुंचें। उन्होंने कहा कि सहारनपुर से दिल्ली पहुंचना मुश्किल नहीं है और लोग मोटरसाइकिल, कार, बस या ट्रेन से रैली में शामिल हो सकते हैं।

कांग्रेस का काम संघर्ष करना- गुरजीत सिंह औजला (Img: IANS)

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भाजपा की रैलियों पर साधा निशाना

भाजपा की ओर से आयोजित की जा रही रैलियों पर प्रतिक्रिया देते हुए औजला ने कहा कि यह ‘उल्टा चोर कोतवाल को डांटे’ जैसी स्थिति है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिनसे सवाल पूछे जाने चाहिए, वही रैलियां निकाल रहे हैं। कांग्रेस सांसद ने कहा कि लोकतंत्र को बचाने की जरूरत है और उनकी पार्टी इसी मुद्दे को लेकर जनता के बीच जा रही है। हालांकि, वोट चोरी को लेकर लगाए गए आरोपों पर उन्होंने अपने राजनीतिक पक्ष को सामने रखा।

NEET पेपर लीक का मुद्दा भी उठाया

प्रेसवार्ता के दौरान गुरजीत सिंह औजला ने NEET पेपर लीक के मुद्दे का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक के कारण कई छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ और कुछ विद्यार्थियों ने आत्महत्या कर ली। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर निशाना साधते हुए कहा कि ऐसे मामले में जिम्मेदारी तय होनी चाहिए थी, लेकिन इस्तीफे के बजाय संसद में उनका स्वागत किया गया। औजला ने इस मुद्दे को उठाते हुए केंद्र सरकार की जवाबदेही पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि युवाओं और विद्यार्थियों से जुड़े मामलों में सरकार को जिम्मेदारी लेनी चाहिए।

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स्नातक एमएलसी चुनाव पर क्या बोले औजला?

हाल ही में हुए स्नातक एमएलसी चुनाव में कांग्रेस की ओर से प्रत्याशी नहीं उतारे जाने और संगठन की जमीनी स्थिति को लेकर पूछे गए सवाल पर औजला ने कहा कि कांग्रेस का संगठन न पहले कमजोर था और न अब कमजोर है। उन्होंने कहा कि इस चुनाव से संबंधित विस्तृत जानकारी सांसद इमरान मसूद दे सकते हैं। औजला ने कहा कि फिलहाल पार्टी का ध्यान वर्ष 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों पर है। उन्होंने उम्मीद जताई कि 1 नवंबर की रैली में कार्यकर्ताओं की भागीदारी से संगठन की ताकत दिखाई देगी।

इमरान मसूद ने किया आह्वान (Img: IANS)

इमरान मसूद ने भी कार्यकर्ताओं से किया आह्वान

बैठक के दौरान सांसद इमरान मसूद ने कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से कहा कि उन्हें डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस कार्यकर्ताओं को रोकती है या नजरबंद करती है तो वे वहीं इकट्ठा होकर धरना-प्रदर्शन करेंगे। इमरान मसूद ने कार्यकर्ताओं से हर हाल में दिल्ली पहुंचने की अपील की। उन्होंने कहा कि पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराएगी और किसी भी दबाव के आगे पीछे नहीं हटेगी। बैठक में कांग्रेस जिला अध्यक्ष संदीप राणा, महानगर अध्यक्ष संबंधित त्यागी, पूर्व महानगर अध्यक्ष वरुण शर्मा, कांग्रेस नेता चंद्रजीत सिंह उर्फ निक्कू, मसूद अख्तर समेत अन्य पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Location :  Saharanpur

Published :  28 October 2026, 4:21 PM IST