WB Election Result 2026: सत्ता गई, लेकिन ‘दीदी स्टाइल’ कायम: ममता की सूती साड़ी कहां से आती हैं? कीमत जानकर रह जाएंगे हैरान!

Mamata Banerjee Iconic Cotton Sarees: ममता बनर्जी की पहचान बनी सफेद सूती ‘तांत’ साड़ी पश्चिम बंगाल के धनियाखाली क्षेत्र से आती है। 400 से 800 रुपये की कीमत वाली ये साड़ी 500 साल पुरानी परंपरा से जुड़ी है और अब ‘ममता साड़ी’ के नाम से मशहूर हो चुकी है।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 4 May 2026, 1:55 PM IST
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West Bengal Election Result 2026 Live: पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 के नतीजों के बीच भले ही सियासी समीकरण बदलते नजर आ रहे हों, लेकिन एक चीज आज भी उतनी ही मजबूत है। वो है ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) की पहचान। सफेद सूती साड़ी, हवाई चप्पल और सादगी भरा अंदाज… यही वो इमेज है जिसने उन्हें जनता के बीच अलग जगह दिलाई। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि उनकी ये खास साड़ी आखिर आती कहां से है और इसकी कीमत कितनी होती है?

कहां से आती है ‘ममता साड़ी’?

Mamata Banerjee की ज्यादातर साड़ियां हुगली जिले (Hooghly District) के धनियाखाली इलाके से आती हैं। इन्हें ‘तांत’ या ‘धनियाखाली साड़ी’ कहा जाता है जो अपनी हल्की, आरामदायक और टिकाऊ बुनाई के लिए जानी जाती हैं। यही वजह है कि ये साड़ियां आम लोगों से लेकर बड़े नेताओं तक पसंद की जाती हैं।

क्या है 500 साल पुराना इतिहास?

‘धनियाखाली तांत’ साड़ियों की परंपरा 15वीं शताब्दी से चली आ रही है। इसकी जड़ें शांतिपुर (Shantipur) क्षेत्र से जुड़ी मानी जाती हैं। मुगल काल में इस कला को खास संरक्षण मिला, जिससे यह और विकसित हुई। आज भी इन साड़ियों की बुनाई पारंपरिक करघों पर की जाती है जो बंगाल की सांस्कृतिक विरासत का अहम हिस्सा है।

‘ममता साड़ी’ क्यों बनी पहचान?

Mamata Banerjee ने इस साड़ी को इस तरह अपनाया कि यह उनकी पहचान बन गई। सफेद या ऑफ-व्हाइट रंग की साड़ी, किनारों पर नीली या हरी पतली धारियां यह स्टाइल अब ‘ममता साड़ी’ के नाम से मशहूर है। इसे कई लोग “मदर टेरेसा स्टाइल” भी कहते हैं।

कीमत जानकर हो जाएंगे हैरान

सबसे दिलचस्प बात इसकी कीमत है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ममता बनर्जी की रोजमर्रा में पहनी जाने वाली साड़ियों की कीमत आमतौर पर 400 से 800 रुपये के बीच होती है। यानी देश की एक बड़ी नेता बेहद किफायती और साधारण साड़ी पहनना पसंद करती हैं।

जब खुद बनीं डिजाइनर

साल 2013 में ममता बनर्जी ने खुद डिजाइनर की भूमिका निभाई थी। उन्होंने करीब 400 बुनकरों के साथ मिलकर नए पैटर्न तैयार किए। जिनमें पत्ते, फूल और प्रकृति से जुड़े डिजाइन शामिल थे। यह पहल बुनकरों को प्रोत्साहन देने के साथ-साथ स्थानीय कला को बढ़ावा देने की दिशा में भी अहम रही।

मसलिन साड़ियों का भी है शौक

कभी-कभी ममता बनर्जी ‘मसलिन’ साड़ियां भी पहनती हैं, जो बेहद मुलायम और बारीक होती हैं। हालांकि इनकी कीमत थोड़ी ज्यादा होती है, लेकिन फिर भी ये लग्जरी ब्रांड्स की तुलना में काफी किफायती रहती हैं।

Location :  West Bengal

Published :  4 May 2026, 1:41 PM IST

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