
सिक्किम में मौत की सुरंग
गंगटोक: सिक्किम के नामची जिले में सोमवार को एक निर्माणाधीन सुरंग में बड़ा हादसा हो गया। भूस्खलन के बाद सुरंग का प्रवेश द्वार बंद हो गया, जिससे करीब 27 मजदूर अंदर फंस गए। हादसे के बाद सुरंग के भीतर गैस फैलने की आशंका ने बचाव अभियान को बेहद मुश्किल बना दिया है।
नामची की जिलाधिकारी अनुपा तमलिंग ने बताया कि प्रशासन को सोमवार दोपहर करीब 3:40 बजे सुरंग में मजदूरों के फंसे होने की सूचना मिली। इसके बाद तत्काल राहत और बचाव दलों को मौके पर भेजा गया।
रेस्क्यू ऑपरेशन में राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF), जिला पुलिस और फायर एंड इमरजेंसी सर्विस की टीमें लगी हुई हैं. इसके अलावा पड़ोसी राज्य पश्चिम बंगाल से विशेष बचाव दल भी बुलाया गया है, जो गैस से बचाव के लिए विशेष उपकरणों के साथ अभियान में शामिल हुआ है।
जिला कलेक्टर अनुपा तामलिंग ने बताया कि सुरंग के भीतर वेंटिलेशन बेहतर बनाने और गैस के प्रभाव को कम करने के प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि बचाव दल सुरक्षित तरीके से अंदर पहुंच सके। घटनास्थल पर एंबुलेंस और चिकित्सा दल तैनात हैं।
शुरुआती रेस्क्यू के दौरान अंदर गए तीन लोगों में से एक की तबीयत बिगड़ गई, जिन्हें रंगपो सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। दो अन्य बचावकर्मी भी कुछ समय तक सुरंग के भीतर फंसे रहे। प्रशासन का कहना है कि मजदूरों तक बिना अतिरिक्त जोखिम के पहुंचना पहली प्राथमिकता है और इसी को ध्यान में रखकर चरणबद्ध तरीके से अभियान चलाया जा रहा है।
राहत एवं बचाव कार्य में सबसे बड़ी बाधा सुरंग के भीतर मौजूद जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी है। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ), जिला पुलिस, अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा की टीमें लगातार अभियान चला रही हैं।
पश्चिम बंगाल से गैस-प्रोटेक्टिव उपकरणों से लैस विशेषज्ञ दल भी मौके पर पहुंचा है। गैस के असर से कई बचावकर्मियों को चक्कर आने और तबीयत बिगड़ने की सूचना मिली है। कुछ राहतकर्मियों को अस्पताल भेजना पड़ा, जबकि सुरंग के भीतर जाने वाले सभी दल गैस मास्क और विशेष सुरक्षा उपकरणों का उपयोग कर रहे हैं।
जिला प्रशासन के मुताबिक, सुरंग में जहरीली मीथेन गैस, संकरा रास्ता और कम दृश्यता बचाव अभियान को बेहद चुनौतीपूर्ण बना रहे हैं। फिलहाल सभी एजेंसियां युद्धस्तर पर राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।
यह टनल तीस्ता स्टेज-6 हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर प्रोजेक्ट के तहत बनाई जा रही है। इसका निर्माण पटेल इंजीनियरिंग, NHPC की परियोजना के लिए कर रही है।
Location : New Delhi
Published : 21 July 2026, 2:02 AM IST