
डिंपल यादव और धर्मेद्र यादव व अन्य सांसदों को हिरासत में लिया गया। (Img; Dynamite News)
New Delhi: संसद के मानसून सत्र के दौरान दिल्ली में छात्रों के समर्थन में चल रहे प्रदर्शन के बीच समाजवादी पार्टी ने बड़ा दावा किया है। पार्टी का कहना है कि मैनपुरी से सांसद डिंपल यादव, कैराना से सांसद इकरा हसन और कई अन्य सपा सांसदों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। समाजवादी पार्टी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर इस कार्रवाई की आलोचना की और इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन बताया।
समाजवादी पार्टी ने अपने बयान में कहा कि छात्रों की आवाज उठाने वाले सांसदों को हिरासत में लेना और प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज करना बेहद निंदनीय है। पार्टी ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार युवाओं की समस्याओं को सुनने के बजाय बल प्रयोग कर रही है। सपा का कहना है कि छात्र केवल निष्पक्ष परीक्षा और न्याय की मांग कर रहे हैं।
सपा प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनके सांसदों को पुलिस स्टेशन में बैठाया गया, जबकि बाहर छात्रों पर लाठियां बरसाई जा रही थीं। उन्होंने कहा कि यदि NEET परीक्षा में गड़बड़ी हुई है तो उसकी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। अखिलेश ने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं को रोजगार और अवसर देने में विफल रही है, जिसके कारण छात्र सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं।
बड़ी खबर: प्रदर्शनकारियों से मिलने पहुंची डिंपल यादव, धर्मेंद्र यादव समेत सपा के कई सांसदों को पुलिस ने हिरासत में लिया, सभी को संसद मार्ग थाने ले जाया गया, संसद के मानसून सत्र और सीजेपी के प्रदर्शन को लेकर भारी तनाव@samajwadiparty @mediacellsp @dimpleyadav @yadavakhilesh… pic.twitter.com/YjBvfzc1jE
— डाइनामाइट न्यूज़ हिंदी (@DNHindi) July 20, 2026
उन्होंने यह भी कहा कि आजादी के आंदोलन के दौरान अंग्रेज भी विरोध करने वालों की बात सुनते थे, इसलिए महात्मा गांधी का सम्मान पूरी दुनिया करती है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार जनता की आवाज नहीं सुनेगी तो उसे राजनीतिक परिणाम भी भुगतने पड़ सकते हैं।
इससे पहले डिंपल यादव ने कहा कि छात्रों की मांगों को गंभीरता से सुना जाना चाहिए। उनके मुताबिक देश में किसान, युवा और पर्यावरण जैसे कई मुद्दों पर लोग परेशान हैं, लेकिन सरकार उनकी शिकायतों पर ध्यान नहीं दे रही। उन्होंने कहा कि छात्र केवल निष्पक्ष परीक्षा चाहते हैं, लेकिन सरकार न तो निष्पक्ष परीक्षा सुनिश्चित कर रही है और न ही निष्पक्ष व्यवस्था का भरोसा दे पा रही है।
छात्रों के प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गर्माता जा रहा है। एक ओर विपक्ष सरकार पर युवाओं की आवाज दबाने का आरोप लगा रहा है, तो दूसरी ओर प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने की बात कह रहा है। ऐसे में यह मुद्दा संसद के मानसून सत्र में भी प्रमुख राजनीतिक बहस का विषय बन गया है।
Location : New Delhi
Published : 20 July 2026, 2:21 PM IST
Topics : Dimple Yadav Political News Samajwadi Party