Monsoon Session 2026: क्या महिला आरक्षण और परिसीमन पर टल जाएगा हंगामा, या छिड़ेगा नया सियासी युद्ध?

20 जुलाई से शुरू होने वाले संसद के मानसून सत्र में सरकार महिला आरक्षण, परिसीमन, 130वें संविधान संशोधन, एफसीआरए संशोधन और शिक्षा सुधार से जुड़े कई अहम विधेयक ला सकती है। जानिए पूरा एजेंडा।

Post Published By: Pratibha Yadav
Updated : 5 July 2026, 10:42 AM IST
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New Delhi: संसद का मानसून सत्र 20 जुलाई 2026 से शुरू होकर 13 अगस्त 2026 तक चलेगा। इस दौरान सरकार महिला आरक्षण, परिसीमन, 130वें संविधान संशोधन, एफसीआरए संशोधन और उच्च शिक्षा सुधार से जुड़े कई महत्वपूर्ण विधेयक पेश करने की तैयारी में है। वहीं विपक्ष भी राजनीतिक, आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति बना रहा है।

सरकार के एजेंडे में कई अहम विधेयक

सरकार इस सत्र में कई महत्वपूर्ण विधेयकों को आगे बढ़ा सकती है। इनमें प्रस्तावित 130वां संविधान संशोधन विधेयक, महिला आरक्षण लागू करने से जुड़ा विधेयक, परिसीमन विधेयक, एफसीआरए (Foreign Contribution Regulation Act) संशोधन विधेयक और विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान (VBSA) विधेयक शामिल हैं। सरकार पहले से लंबित कुछ विधेयकों को भी पारित कराने की कोशिश करेगी।

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130वें संविधान संशोधन विधेयक में क्या है प्रस्ताव?

प्रस्तावित संशोधन के अनुसार यदि किसी प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री को भ्रष्टाचार सहित गंभीर मामलों में गिरफ्तार किया जाता है और वह 30 दिन या उससे अधिक समय तक न्यायिक हिरासत में रहता है, तो उसे अपने पद से हटना होगा। हालांकि, यह विधेयक अभी प्रस्तावित चरण में है।

महिला आरक्षण और परिसीमन पर फिर होगी सियासी बहस

सरकार लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। दूसरी ओर विपक्ष महिला आरक्षण का समर्थन करते हुए इसे परिसीमन से जोड़ने का विरोध कर रहा है। विपक्ष का तर्क है कि परिसीमन लागू होने से विशेष रूप से दक्षिण भारत के राज्यों का संसदीय प्रतिनिधित्व प्रभावित हो सकता है।

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शिक्षा क्षेत्र में भी बड़े बदलाव की तैयारी

मानसून सत्र में विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान (VBSA) विधेयक भी दोबारा पेश किया जा सकता है। इस विधेयक के तहत यूजीसी, एआईसीटीई और एनसीटीई जैसी संस्थाओं के विलय का प्रस्ताव है। 7 और 8 जुलाई को संयुक्त संसदीय समिति इस विधेयक पर विचार करेगी। इसके लागू होने पर उच्च शिक्षा, ऑनलाइन शिक्षा और निजी संस्थानों की फीस व्यवस्था में बदलाव संभव माना जा रहा है।

इन मुद्दों पर विपक्ष सरकार को घेर सकता है

मानसून सत्र के दौरान विपक्ष राम मंदिर चढ़ावा चोरी के मामले, आर्थिक स्थिति, राष्ट्रीय सुरक्षा, महिला आरक्षण, परिसीमन और अन्य राजनीतिक मुद्दों को लेकर सरकार पर हमला बोल सकता है। ऐसे में आगामी सत्र के दौरान संसद में तीखी बहस और हंगामे की संभावना जताई जा रही है।

Location :  New Delhi

Published :  5 July 2026, 10:42 AM IST

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