कारगिल की जंग खत्म हुई, लेकिन वो रातें नहीं… ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर ने सुनाई दिल दहला देने वाली दास्तां

कारगिल विजय दिवस 2026 पर ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर ने कारगिल युद्ध की यादें साझा करते हुए तोलोलिंग की कठिन लड़ाई, 25 जवानों के बलिदान और भारतीय सेना के साहस का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज की सेना तकनीक और ड्रोन क्षमता के कारण पहले से कहीं अधिक मजबूत है।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 26 July 2026, 4:33 PM IST

New Delhi: कारगिल विजय दिवस 2026 की 27वीं वर्षगांठ पर कारगिल युद्ध के नायक और पूर्व सैन्य अधिकारी ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर ने युद्ध के दिनों को याद करते हुए कहा कि कारगिल की हर रात आज भी उनकी स्मृतियों में जीवित है। उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों और दुश्मन की लगातार गोलाबारी के बीच भारतीय सैनिकों ने अदम्य साहस दिखाया और देश के लिए ऐतिहासिक विजय हासिल की।

तोलोलिंग की लड़ाई थी सबसे कठिन

ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर ने बताया कि 18 ग्रेनेडियर्स का नेतृत्व करते हुए तोलोलिंग की चोटी पर कब्जा करना युद्ध का सबसे चुनौतीपूर्ण मिशन था। इस अभियान में 25 जवानों ने सर्वोच्च बलिदान दिया। इसके बाद भारतीय सेना ने हम्प और टाइगर हिल जैसी रणनीतिक चोटियों पर भी तिरंगा फहराकर जीत दर्ज की।

मौत सामने थी, लेकिन हौसला नहीं टूटा

उन्होंने बताया कि माइनस तापमान, बर्फ से ढकी चोटियां, सिर छिपाने तक की जगह नहीं और दुश्मन की लगातार फायरिंग के बावजूद भारतीय सैनिक पीछे नहीं हटे। अनुशासन, साहस और देशभक्ति के दम पर असंभव दिखने वाला मिशन भी सफल हुआ।

यूपी में 50 हजार के इनामी शूटर का एनकाउंटर, मुन्ना बजरंगी गैंग से भी जुड़ा था नाम; आखिर कैसे चढ़ा पुलिस के हत्थे

आज की सेना पहले से ज्यादा मजबूत

ब्रिगेडियर ने कहा कि 1999 के मुकाबले आज भारतीय सेना तकनीकी रूप से कहीं अधिक आधुनिक और सक्षम है। चीन और पाकिस्तान जैसी चुनौतियां आज भी मौजूद हैं, लेकिन भारतीय सेना हर परिस्थिति का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है।

Dharmendra Pradhan Resignation: सरकार बचाना चाहती थी कुर्सी… फिर अचानक क्यों देना पड़ा इस्तीफा?

ड्रोन और तकनीक बदल रहे हैं युद्ध का चेहरा

उन्होंने कहा कि आधुनिक युद्ध अब केवल बंदूकों तक सीमित नहीं रह गए हैं। ऑपरेशन सिंदूर का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि ड्रोन और अत्याधुनिक तकनीक भविष्य के युद्धों की दिशा तय करेंगे। भारतीय सेना इस बदलाव के अनुरूप खुद को लगातार मजबूत कर रही है।

Location :  New Delhi

Published :  26 July 2026, 4:01 PM IST