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तूफान अर्णब से आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में भारी तबाही (Image Source: Internet)
New Delhi: बंगाल की खाड़ी से उठे अत्यंत भीषण चक्रवाती तूफान अर्णब ने बुधवार तड़के आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में भारी तबाही मचाई। तूफान के दौरान हवा की रफ्तार 125 से 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई। सुबह करीब दो बजे से आठ बजे तक छह घंटे के दौरान चक्रवात आंध्र प्रदेश और पुडुचेरी के यानम क्षेत्र के बीच तट से गुजरा। इसके बाद इसकी तीव्रता कम हुई और यह भीषण चक्रवाती तूफान में बदल गया।
तूफान के कारण कई जिलों में मूसलाधार बारिश हुई। तेज हवाओं से हजारों पेड़ उखड़ गए और सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं। बिजली के खंभे गिरने से बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई। मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू के अनुसार, करंट लगने और दीवार गिरने जैसी घटनाओं में पांच लोगों की मौत हुई है। खराब मौसम के चलते बंगाल की खाड़ी में अंतर्वेदी तट के पास एक मालवाहक जहाज भी फंस गया।
चक्रवात का असर राज्य के 10 से अधिक जिलों के सैकड़ों गांवों में देखने को मिला। एलुरु, पश्चिम गोदावरी और विजयनगरम समेत कई इलाकों में भारी बारिश के कारण निचले क्षेत्र जलमग्न हो गए। कुछ स्थानों पर 200 मिलीमीटर से अधिक वर्षा दर्ज की गई।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, तेज हवाओं और बारिश से 14 जिलों में 2.24 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में धान समेत खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा है। राज्यभर में करीब 15 हजार बिजली के खंभे उखड़ गए। डॉ. बीआर आंबेडकर कोनसीमा और पश्चिम गोदावरी जिलों में लगभग 50 हजार पेड़ गिर गए। अकेले कोनसीमा में 33 हजार नारियल के पेड़ उखड़ने की जानकारी दी गई है।
सरकार ने प्रभावित लोगों के लिए खाद्य सामग्री और आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने केंद्र से मदद मांगी है और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को नुकसान की जानकारी दी है। शुरुआती आकलन के बाद विस्तृत रिपोर्ट केंद्र को भेजी जाएगी।
चक्रवात कमजोर होने के बावजूद बारिश का खतरा अभी टला नहीं है। मौसम विभाग ने गुरुवार को आंध्र प्रदेश के 13 जिलों में मध्यम से उच्च स्तर की आकस्मिक बाढ़ यानी फ्लैश फ्लड की चेतावनी जारी की है। जलभराव वाले इलाकों में लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
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मौसम विभाग के अनुसार, चक्रवात से जुड़ी बारिश का असर दूसरे राज्यों में भी दिखाई दे सकता है। ओडिशा और छत्तीसगढ़ में 28 और 29 अक्टूबर को तेज बारिश की आशंका जताई गई है। तेलंगाना और विदर्भ में भी भारी बारिश का अनुमान है। पूर्वी मध्य प्रदेश में 29 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है। बिहार में अगले दो से तीन दिनों तक और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 29 व 30 अक्टूबर को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। ऐसे में प्रभावित राज्यों में मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर रखना जरूरी है।
Location : New Delhi
Published : 29 October 2026, 4:05 AM IST