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पीड़िता तनु एवं उनके माता पिता ( सोर्स - रिपोर्टर )
इटावा: जिले के बढ़पुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत उदी मोड़ के पास रहने वाली एक युवती को पुलिस भर्ती के नाम पर साइबर ठगी का शिकार बना लिया गया। खुद को IPS अधिकारी बताने वाले ठग ने पहले युवती को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा दिया, फिर वर्दी और पिस्टल के नाम पर पैसे ऐंठे और जब पीड़िता ने और पैसे देने से इनकार किया, तो उसे जेल भेजने की धमकी दी गई।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, पीड़िता तनु ने बताया कि उसने हाल ही में एक ऑनलाइन फॉर्म भरा था। इसके बाद 26 मई को उसे लखनऊ से एक फोन कॉल आया, जिसमें फोन करने वाले ने खुद को "राकेश" नामक IPS अधिकारी बताया। उसने तनु को बताया कि उसकी पुलिस विभाग में नौकरी लग गई है और उसे जल्द ही 45,000 रुपये प्रतिमाह वेतन के साथ नियुक्ति पत्र मिलने वाला है। इस पर तनु को विश्वास हो गया और वह ठग की बातों में आ गई।
ठग ने 27 मई को दोबारा कॉल करके बताया कि तनु की ड्रेस बनकर तैयार हो गई है और उसे डिलीवर करने के लिए 16,000 रुपये जमा कराने होंगे। तनु ने भरोसे में आकर ठग के दिए गए खाते में दो बार में कुल 16,000 रुपये जमा कर दिए। इसके बाद फिर कॉल आया और कहा गया कि उसकी सर्विस पिस्टल तैयार की जा रही है, जिसके लिए 18,000 रुपये और जमा करने होंगे।
इस बार तनु को शक हुआ और उसने ठग से सवाल किया कि पहले तो कहा गया था कि कोई राशि नहीं देनी होगी, फिर अब क्यों पैसे मांगे जा रहे हैं। इस पर ठग ने कहा कि अगर पैसे नहीं दिए गए तो उसे नौकरी नहीं मिलेगी और उसे फर्जीवाड़ा करने के आरोप में 5 साल की जेल हो सकती है। डर के मारे तनु ने अपने परिजनों को पूरे मामले की जानकारी दी।
तनु के पिता राजू, जो मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं, उन्होंने बताया कि उनकी बेटी ने ईमानदारी से नौकरी पाने की कोशिश की थी लेकिन ठगों के झांसे में आकर वह ठगी का शिकार बन गई। उन्होंने पुलिस से ऐसे साइबर ठगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
तनु और उसके परिवार ने बढ़पुरा थाने में इस घटना की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि मामला गंभीर है और साइबर सेल की मदद से आरोपियों की पहचान कर जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी। यह मामला युवाओं को जागरूक करने वाला है कि वे किसी भी अनजान कॉल या ऑनलाइन ऑफर पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें।
Location : Etawah
Published : 28 May 2025, 4:31 PM IST