“आधी रात को गूंजी चीख और…” बांदा में 45 साल तक सांसारिक जीवन त्यागने वाले संत का खौफनाक अंत

बांदा के तिंदवारा गांव स्थित त्रिदेव-शनि देव मंदिर के 68 वर्षीय पुजारी बालब्रह्मचारी सच्चिदानंद महाराज की लाठी से पीटकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। वह देर रात मंदिर की छत पर सो रहे थे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मामले के खुलासे के लिए चार विशेष टीमों का गठन किया है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 22 June 2026, 4:07 PM IST

Banda: बांदा जिले के तिंदवारा गांव स्थित त्रिदेव-शनि देव मंदिर में एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया। मंदिर के पुजारी और संत स्वभाव के लिए जाने जाने वाले 68 वर्षीय बालब्रह्मचारी सच्चिदानंद महाराज की सिर पर लाठी से किए गए हमले में मौत हो गई। घटना उस समय हुई जब वह मंदिर की छत पर विश्राम कर रहे थे। हमलावरों ने उनके सिर पर लगातार प्रहार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए।

चीख सुनकर जागे परिजन

मंदिर परिसर में मौजूद उनकी शिष्या ने बताया कि देर रात अचानक महाराज की चीख सुनाई दी। शोर मचाने पर हमलावर मौके से भाग निकले। मंदिर से कुछ दूरी पर पशुबाड़े में सो रहे पुजारी के छोटे भाई चिंतामणि दौड़कर पहुंचे और घायल अवस्था में महाराज को अस्पताल ले गए। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र रेफर किया गया, लेकिन बाद में निजी अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।

करीबी लोगों पर नजर

हत्या की गुत्थी सुलझाने में जुटी पुलिस ने मामले में कई पहलुओं पर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती पड़ताल में पुजारी की शिष्या और उसके एक रिश्तेदार की गतिविधियां संदिग्ध पाई गई हैं। सूत्रों के अनुसार पूछताछ के दौरान शिष्या के बयानों में बार-बार बदलाव सामने आया है, जिससे जांच एजेंसियों का संदेह और गहरा गया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं किसी निजी संबंध या विवाद को छिपाने के लिए यह वारदात तो नहीं की गई।

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आध्यात्मिक जीवन के लिए थे प्रसिद्ध

सच्चिदानंद महाराज ने कम उम्र में ही सांसारिक जीवन का त्याग कर दिया था। परिवार के अनुसार उन्होंने लगभग 45 वर्षों तक महाराष्ट्र के नासिक स्थित पंचवटी क्षेत्र में महंत के रूप में धार्मिक सेवाएं दीं। करीब एक दशक पहले वह अपने पैतृक गांव लौटे और त्रिदेव मंदिर की देखरेख संभाल ली। गांव में उनकी पहचान एक शांत और धार्मिक व्यक्तित्व के रूप में थी।

खुलासे के लिए चार टीमें सक्रिय

पुलिस ने हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए चार विशेष टीमों का गठन किया है। फॉरेंसिक विशेषज्ञों और डॉग स्क्वायड ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। हत्या में प्रयुक्त लाठी भी बरामद कर ली गई है। अधिकारियों का दावा है कि तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर दिया जाएगा। वहीं, गांव में इस घटना के बाद शोक और दहशत का माहौल बना हुआ है।

Location :  Banda

Published :  22 June 2026, 4:07 PM IST