
उत्तराखंड राजनीति में बीजेपी का टिकट संकट (सोर्स- डाइनामाइट न्यूज़)
Dehradun: अगले साल 2027 में उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश समेत देश के सात राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां तेजी से जोर पकड़ रही हैं। उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव से पहले सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी को उसके एक आतंरिक सर्वेक्षण ने चिंता में डाल दिया है। इस सर्वेक्षण पर यदि यकीन किया जाए तो उत्तराखंड में भाजपा के मौजूदा 47 विधायकों में से 32 विधायकों का टिकट कट सकता है और इन विधायकों की जगह पार्टी नये चेहरों को टिकट दे सकती है।
सूत्रों के मुताबिक भाजपा के इंटरनल सर्वे में मौजूदा 32 विधायक कसौटी पर खरे नहीं उतरे और जनता ने अलग अलग कारणों से इन पर भरोसा नहीं जताया। सर्वे रिपोर्ट सामने आने के बाद पार्टी में गहन मंथन शुरू हो गया है और इसके साथ ही इन कम भरोसेमंद विधायकों को हिदायत भी दी जा रही है।
भाजपा के 32 विधायकों को सर्वे में सर्मथन न मिलने के अलावा राज्य में एंटी-इनकम्बेंसी के माहौल ने भी भाजपा की टेंशन बढ़ा दी है। एंटी-इनकम्बेंसी का यह माहौल राज्य के दो दलों कांग्रेस और उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) को फायदा देस सकता है।
मौजूदा विधायकों के खिलाफ जनता की नाराजगी और आंतरिक सर्वे के नकारात्मक नतीजों के अलावा, राज्य में उभर रहा एंटी-इनकम्बेंसी (सत्ता विरोधी) का माहौल भी भाजपा के लिए बड़ी चिंता का विषय बन गया है। शासन और प्रशासन के प्रति जनता के भीतर पनप रही इस नाराजगी का सीधा फायदा राज्य के विपक्षी दलों को मिलने की पूरी संभावना जताई जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा के भीतर की इस कलह और सत्ता विरोधी लहर का लाभ उठाकर राज्य के दो प्रमुख दल- कांग्रेस और उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) अपनी स्थिति को काफी मजबूत कर सकते हैं।
संकट की इस घड़ी में भाजपा का केंद्रीय और प्रांतीय नेतृत्व डैमेज कंट्रोल करने में जुट गया है ताकि चुनाव से पहले पार्टी में किसी बड़ी बगावत या टूट को रोका जा सके। जिन 32 विधायकों के टिकट खतरे में बताए जा रहे हैं, उनके क्षेत्रों में पार्टी बैकचैनल से नए विकल्पों की तलाश कर रही है। दूसरी ओर, कांग्रेस और उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) इस अंदरूनी कलह को भुनाने के लिए अपनी रणनीति तैयार करने में लगे हैं। अब यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि भाजपा समय रहते अपने इन आंतरिक समीकरणों को किस तरह साध पाती है और क्या नए चेहरों पर दांव लगाने की यह रणनीति पार्टी को सत्ता बचाने में कामयाब बना पाएगी या नहीं।
Location : Dehradun
Published : 9 August 2026, 4:05 PM IST
Topics : BJP Ticket Crisis Uttarakhand Elections 2027 Uttarakhand MLAs Uttarakhand News Uttarakhand Politics