उत्तराखंड विधानसभा के बजट सत्र में विपक्षी कांग्रेस राज्य सरकार के खिलाफ हमलावर रहेगी। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने इस बात के संकेत दे दिये दिये हैं। सरकार के खिलाफ गोदियाल के तीखे तेवरों में शायद यह भी संदेश है कि राज्य में अब कांग्रेस मित्र विपक्ष की भूमिका में नहीं रही।

कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल
Dehradun: उत्तराखंड विधानसभा का बजट सत्र 9 से 13 मार्च को भराड़ीसैंण में होने जा रहा है। चुनावी वर्ष में आयोजित होने जा रहे इस सत्र में विपक्षी कांग्रेस की कोशिश जनता के सवालों पर सरकार को घेरने की होगी। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने इस बात के संकेत भी दे दिये हैं कि सत्र में कांग्रेस तीखे तेवर दिखाएगी।
दरअसल, प्रदेश में कांग्रेस पर मित्र विपक्ष की भूमिका निभाने के आरोप लगते रहे हैं। ऐसे में गणेश गोदियाल शायद अब यह भी संदेश देना चाहते हैं कि जो कुछ भी हुआ वह अतीत की बातें हैं, अब उनके नेतृत्व में सरकार पर तीखे हमले होंगे।
उन्होंने सत्र से पहले ही सख्त तेवर दिखाते हुए सरकार पर हमला बोला है कि सरकार विधानसभा सत्र के दौरान सदन में विधायकों की ओर से उठाने जाने वाले जन मुद्दों पर जवाब देने से बच रही है। पांच साल में एक बार भी प्रश्नकाल के लिए सोमवार का दिन नहीं आया। इसकी वजह यह कि सदन में जवाब देने के लिए मुख्यमंत्री का सोमवार का दिन तय है।
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उत्तराखंड विधानसभा (Img- Internet)
कांग्रेस भवन में मीडिया से बातचीत में गोदियाल ने कहा कि आगामी विधानसभा का बजट सत्र 9 से 13 मार्च को भराड़ीसैंण में होने जा रहा है, लेकिन सरकार ने सत्र के लिए मात्र पांच दिन का समय निर्धारित किया है। कांग्रेस विधायकों की मांग है कि सत्र कम से कम एक माह तक चलना चाहिए। इससे 70 विधायकों को अपने क्षेत्र के मुद्दों को सदन में रखने का मौका मिल सके।
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कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि लोकतंत्र में प्रश्नकाल केवल औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। सदन में पूछे गए प्रश्नों के माध्यम से ही सरकार की नीतियों, निर्णयों और प्रशासनिक कार्यप्रणाली की पारदर्शिता सुनिश्चित होती है। यदि सरकार संवाद से दूर भागेगी, तो जनता के मन में अविश्वास की भावना बढ़ेगी। कांग्रेस पार्टी सदन के भीतर और बाहर जनहित के मुद्दों को मजबूती से उठाती रहेगी।