महिला आरक्षण पर समाजवादी पार्टी का बड़ा बयान, जानें क्या बोले राष्ट्रीय सचिव

देवरिया में सपा नेता सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक खत्म नहीं हुआ, बल्कि 131वां संशोधन पास नहीं हो सका। उन्होंने जनगणना और परिसीमन को भी अहम मुद्दा बताया।

Post Published By: सौम्या सिंह
Updated : 21 April 2026, 8:21 PM IST

Deoria: उत्तर प्रदेश के देवरिया में महिला आरक्षण को लेकर सियासत फिर गरमा गई है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव और पूर्व विधायक Subhash Chandra Srivastava ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि महिला आरक्षण विधेयक संसद में नहीं गिरा, बल्कि उससे जुड़ा 131वां संविधान संशोधन पारित नहीं हो सका।

‘महिला आरक्षण कानून अब भी कायम’

सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि महिला आरक्षण अधिनियम 2023 आज भी अस्तित्व में है और यह संविधान का हिस्सा बन चुका है। उन्होंने बताया कि सरकार इसे अधिसूचित कर चुकी है और इसके लागू होने की समय-सीमा तीन वर्ष बाद निर्धारित की गई है।

‘संशोधन फेल हुआ, कानून नहीं’

उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कहना गलत है कि महिला आरक्षण विधेयक गिर गया। उनके मुताबिक, सदन में मत-विभाजन के दौरान केवल 131वां संविधान संशोधन विधेयक पारित नहीं हो सका, जबकि मूल अधिनियम अपनी जगह कायम है।

मीडिया पर उठाए सवाल

सपा नेता ने मीडिया के एक हिस्से पर आरोप लगाया कि इस मुद्दे को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सही जानकारी जनता तक पहुंचनी चाहिए, न कि भ्रम फैलाया जाना चाहिए।

परिसीमन और जनगणना बना मुद्दा

श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार यदि महिला आरक्षण लागू करना चाहती है, तो उसे स्पष्ट प्रस्ताव लाना चाहिए। उन्होंने बताया कि जो विधेयक लाया गया था, वह परिसीमन (डिलिमिटेशन) से जुड़ा था, जिस पर विपक्ष को आपत्ति थी। साथ ही उन्होंने 2027 में प्रस्तावित जनगणना का मुद्दा उठाते हुए कहा कि आंकड़े आने के बाद ही आगे की प्रक्रिया स्पष्ट हो पाएगी।

 

Location :  Deoria

Published :  21 April 2026, 8:21 PM IST