मठिया गांव में शनिवार को देशभक्ति और शौर्य का भावनात्मक नज़ारा देखने को मिला, जब गांव के नवयुवकों ने वर्ष 2019 में हुए पुलवामा आतंकी हमले में शहीद हुए जवानों को कैंडल जलाकर श्रद्धांजलि अर्पित की। पढिए पूरी खबर

शहीदों को नम आंखों से श्रद्धांजलि
गोरखपुर: ग़ोला बाजार क्षेत्र मठिया गांव में शनिवार को देशभक्ति और शौर्य का भावनात्मक नज़ारा देखने को मिला, जब गांव के नवयुवकों ने वर्ष 2019 में हुए पुलवामा आतंकी हमले में शहीद हुए जवानों को कैंडल जलाकर श्रद्धांजलि अर्पित की। सातवीं बरसी के अवसर पर युवाओं ने गांव के झंडा चौक पर एकत्र होकर अमर शहीदों को नमन किया और देश की एकता व अखंडता बनाए रखने का संकल्प लिया।
नई पीढ़ी को उनके साहस से प्रेरणा
कार्यक्रम के दौरान युवाओं ने दो मिनट का मौन रखकर उन बहादुर सैनिकों की वीरता को याद किया, जिन्होंने देश की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे। श्रद्धांजलि सभा में मौजूद लोगों का कहना था कि शहीदों का बलिदान कभी भुलाया नहीं जा सकता और नई पीढ़ी को उनके साहस से प्रेरणा लेनी चाहिए। कैंडल मार्च के दौरान वातावरण देशभक्ति नारों और भावुक क्षणों से गूंज उठा, जिससे पूरे गांव में एक अलग ही ऊर्जा और गर्व का माहौल दिखाई दिया।
केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 40 जवान शहीद
उल्लेखनीय है कि 14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर में हुए आतंकवादी हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 40 जवान शहीद हो गए थे। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था और हर वर्ष इस दिन लोग अपने-अपने तरीके से शहीदों को याद कर श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं। उसी क्रम में मठिया गांव के युवाओं ने भी एकजुट होकर यह संदेश दिया कि देश के लिए प्राण न्योछावर करने वाले जवान हमेशा देशवासियों के दिलों में जीवित रहेंगे।
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श्रद्धांजलि कार्यक्रम में अभिमन्यु निषाद, शैलेश निषाद, शुभम, सनी, समीर, शिवम, अनूप, भोला, रोशन, अंकुश, गगन, गौरव और धर्मवीर समेत अनेक ग्रामीण मौजूद रहे। युवाओं ने कहा कि भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि शहीदों की याद और उनके बलिदान की गाथा नई पीढ़ी तक पहुंचती रहे।
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कार्यक्रम के अंत में सभी ने मोमबत्तियां जलाकर भारत माता के जयकारे लगाए और शहीदों को अश्रुपूरित श्रद्धांजलि दी। गांव में आयोजित यह आयोजन न सिर्फ शहीदों के प्रति सम्मान का प्रतीक बना, बल्कि युवाओं में देशप्रेम और जिम्मेदारी की भावना को भी और मजबूत कर गया।