एमएलके पीजी कॉलेज में एआई और साइबर सुरक्षा पर दी जानकारी, जानें कैसे रहे सतर्क

एमएलके पीजी कॉलेज के बीसीए एवं कंप्यूटर साइंस विभाग द्वारा साइबर सुरक्षा एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं मशीन लर्निंग के नवीनतम रुझान विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का गुरुवार को भव्य समापन हुआ।

Updated : 16 April 2026, 7:56 PM IST
बलरामपुर: एमएलके पीजी कॉलेज के बीसीए एवं कंप्यूटर साइंस विभाग द्वारा साइबर सुरक्षा एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं मशीन लर्निंग के नवीनतम रुझान विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का गुरुवार को भव्य समापन हुआ। ऑनलाइन माध्यम से आयोजित इस संगोष्ठी के दूसरे दिन तकनीकी सत्रों में विशेषज्ञों ने भविष्य की डिजिटल चुनौतियों और एआई की भूमिका पर गहन मंथन किया।
क्या है पूरी खबर?
दिन की शुरुआत तृतीय तकनीकी सत्र से हुई, जिसमें एमिटी यूनिवर्सिटी पटना की निदेशक प्रो. रश्मि शेखर ने मुख्य वक्ता के रूप में शिरकत की। उन्होंने अपने व्याख्यान में इस बात पर जोर दिया कि कैसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता एआई आज साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में एक दोहरी तलवार की तरह काम कर रही है, जो खतरों को रोकने के साथ-साथ नए जोखिम भी पैदा कर रही है। इसी क्रम में एमिटी यूनिवर्सिटी और एमएलके कॉलेज के शोधार्थियों दीपक कुमार, श्रेयांक, प्रतिज्ञा, वैभवी, प्रिंस और वंश कुमार सिंह ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत कर आधुनिक तकनीकी प्रवृत्तियों से अवगत कराया।
छात्र-छात्राओं को तकनीक का सकारात्मक उपयोग
संगोष्ठी के चतुर्थ सत्र में एमिटी यूनिवर्सिटी पंजाब की विशेषज्ञ श्रद्धा सक्सेना ने उभरती प्रौद्योगिकियों के व्यावहारिक पहलुओं पर प्रकाश डाला। इस सत्र में काव्यांश तिवारी और सुंदरम द्विवेदी ने शोध पत्रों के माध्यम से एआई के विविध आयामों को रेखांकित किया। समापन समारोह के मुख्य अतिथि कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. राम बक्स श्रीवास्तव रहे, जिन्होंने अपने संबोधन में छात्र-छात्राओं को तकनीक का सकारात्मक उपयोग कर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने हेतु प्रेरित किया।
कार्यक्रम के अंत में बीसीए विभाग के सहायक प्राध्यापक मसूद मुराद खान ने दो दिवसीय आयोजन की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया। राष्ट्रगान के साथ इस ज्ञानवर्धक बौद्धिक विमर्श का औपचारिक समापन हुआ। इस अवसर पर कॉलेज के विभिन्न विभागों के शिक्षक और बड़ी संख्या में प्रतिभागी डिजिटल माध्यम से जुड़े रहे।

Location :  Balrampur

Published :  16 April 2026, 7:56 PM IST