
Deoria: उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के सलेमपुर में सेंट जेवियर्स स्कूल सलेमपुर में आयोजित कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) पर आधारित नवाचार प्रदर्शनी ‘एआई इनोविस्टा’ में विद्यार्थियों ने अपनी वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और तकनीकी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने एआई आधारित विभिन्न मॉडल, प्रोजेक्ट और कार्यशील प्रस्तुतियों के माध्यम से तकनीक की उपयोगिता और भविष्य में उसकी संभावनाओं को प्रदर्शित किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इसके बाद विद्यार्थियों ने स्वागत नृत्य प्रस्तुत कर अतिथियों का अभिनंदन किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य विजयेंद्र शुक्ल ने स्वागत संबोधन में प्रदर्शनी के उद्देश्यों और शैक्षिक महत्व पर प्रकाश डाला।
प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने एआई तकनीक पर आधारित विभिन्न मॉडल और प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए। उन्होंने बताया कि किस तरह कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा, चिकित्सा, विज्ञान और दैनिक जीवन में बदलाव ला रही है। इसके साथ ही एआई पर कविता पाठ, लेजिम नृत्य और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के दुष्प्रभावों को दर्शाती प्रस्तुति ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। पावरपॉइंट प्रस्तुति के जरिए विद्यार्थियों ने एआई की बदलती दुनिया, उसकी संभावनाओं और मानवीय जीवन पर पड़ने वाले प्रभावों को भी समझाया।
ये भी पढ़े: देवरिया में पुलिसकर्मी की अचानक बिगड़ी तबीयत, मेडिकल कॉलेज में मौत
मुख्य अतिथि उपजिलाधिकारी क्षितिज द्विवेदी ने विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता भविष्य की कार्यशैली और जीवनशैली को प्रभावित करने वाली बड़ी क्रांति है। आने वाले समय में इसका प्रभाव जीवन के लगभग हर क्षेत्र में दिखाई देगा। ऐसे में विद्यार्थियों को तकनीक की जानकारी हासिल करने के साथ उसके जिम्मेदार और सकारात्मक उपयोग के प्रति भी जागरूक रहना होगा।
विशिष्ट अतिथि प्रोजेक्ट इंजीनियर मृत्युंजय पांडेय ने कहा कि विद्यार्थियों को तकनीक का उपयोग केवल अपनी सुविधाओं के लिए नहीं, बल्कि ज्ञान के विस्तार, नए आविष्कार और समाज के विकास के लिए करना चाहिए। विद्यालय के पूर्व छात्र आदर्श तिवारी ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि विद्यालय विद्यार्थियों के व्यक्तित्व और भविष्य की नींव तैयार करता है। एआई के दौर में विद्यार्थियों के सामने नए अवसरों के साथ चुनौतियां भी हैं।
ये भी पढ़े: स्कैन कीजिए और बेफिक्र होकर सफर कीजिए, देवरिया पुलिस ने ऑटो-ई-रिक्शा चालकों के लिए जारी किया QR कोड
प्रधानाचार्य विजयेंद्र शुक्ल ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान तक सीमित रखना नहीं, बल्कि भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना है। ‘एआई इनोविस्टा’ जैसे आयोजन बच्चों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और तकनीकी समझ विकसित करते हैं।
अंत में प्रबंध निदेशक डॉ. अभिनव नाथ तिवारी ने अतिथियों, शिक्षकों और अभिभावकों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भविष्य उन्हीं का होगा, जो ज्ञान, रचनात्मकता और मानवीय मूल्यों के साथ नवाचार की दिशा में आगे बढ़ेंगे। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इस दौरान विद्यालय के शिक्षक, विद्यार्थी और अभिभावक मौजूद रहे।
Location : Deoria
Published : 6 November 2026, 7:56 PM IST
Topics : Artificial Intelligence Future Work Patterns Major Transformation Models and Projects Students Showcase Talent