अचानक अस्पताल पहुंचे देवरिया DM, खुल गई ऐसी पोल कि 10 कर्मचारियों पर गिरी गाज

देवरिया के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरहज में जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने अचानक पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पताल की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। जांच के दौरान 10 स्वास्थ्यकर्मी अनुपस्थित पाए गए, जिनमें 9 संविदा कर्मचारी और 1 नियमित कर्मचारी शामिल हैं।

Post Published By: Nitin Parashar
Updated : 8 September 2026, 1:25 PM IST
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Deoria : जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने मंगलवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरहज का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पताल की व्यवस्थाओं की जमीनी हकीकत परखी। अचानक पहुंचे जिलाधिकारी को देखकर अस्पताल प्रशासन और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान डीएम ने चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति, मरीजों के पंजीकरण, दवा की उपलब्धता, ओपीडी, इमरजेंसी और प्रसव सेवाओं समेत अन्य व्यवस्थाओं का विस्तार से जायजा लिया।

उपस्थिति पंजिका में 10 कर्मचारी मिले गैरहाजिर

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सबसे पहले अस्पताल की उपस्थिति पंजिका की जांच की। इस दौरान करीब 10 स्वास्थ्यकर्मी अनुपस्थित पाए गए, जिनमें नौ संविदा कर्मचारी और एक नियमित कर्मचारी शामिल हैं। बिना सूचना के कर्मचारियों के गायब रहने को डीएम ने गंभीरता से लिया।

उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए कि अनुपस्थित सभी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक दिन का वेतन बाधित किया जाए। साथ ही भविष्य में ड्यूटी के प्रति लापरवाही बरतने वालों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।

मरीजों के पंजीकरण और उपचार व्यवस्था की जांच

डीएम ने अस्पताल में मरीजों के पंजीकरण की व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। उन्होंने पंजीकरण रजिस्टर का अवलोकन करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि अस्पताल आने वाले प्रत्येक मरीज को समय पर उपचार और जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं।

उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र पर आने वाले किसी भी मरीज को इलाज के लिए परेशान न होना पड़े। सरकार की स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचना चाहिए।

ओपीडी, इमरजेंसी और दवा स्टॉक का लिया जायजा

जिलाधिकारी ने ओपीडी और इमरजेंसी वार्ड का निरीक्षण कर मरीजों को मिल रही चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी ली। इसके अलावा अस्पताल में उपलब्ध दवाओं के स्टॉक की भी जांच की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवश्यक दवाओं की उपलब्धता हमेशा सुनिश्चित रखी जाए, जिससे मरीजों को बाहर से दवा खरीदने के लिए मजबूर न होना पड़े।

प्रसव सेवाओं को बेहतर बनाने के निर्देश

डीएम ने प्रसव कक्ष और प्रसव केंद्र का भी निरीक्षण किया। उन्होंने स्वास्थ्य अधिकारियों और स्टाफ नर्स को निर्देश दिया कि गर्भवती महिलाओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और प्रसव प्रक्रिया को सुरक्षित व सुचारू रूप से संचालित किया जाए।

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उन्होंने कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

साफ-सफाई और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल परिसर की साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र में स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाए रखने के निर्देश दिए।

डीएम ने स्वास्थ्य विभाग से जुड़ी सभी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना विभाग की पहली प्राथमिकता होनी चाहिए।

लापरवाही मिलने पर होगी सख्त कार्रवाई

जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि वे अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करें। मरीजों के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव या लापरवाही की शिकायत मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य के निरीक्षणों में यदि स्वास्थ्य सेवाओं या अस्पताल की व्यवस्थाओं में कमी पाई गई तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

Location :  Deoria

Published :  8 September 2026, 1:24 PM IST

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