
रविंद्र तोंगड़ (Image: Dynamite News)
Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में जमीन और करोड़ों रुपये की हेराफेरी का बड़ा मामला सामने आया है। ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी के रिटायर जनरल मैनेजर (GM) रविंद्र तोंगड़ समेत 14 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी, गबन और दस्तावेजों में हेरफेर करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि करीब 34 हजार वर्गमीटर जमीन और लगभग पांच करोड़ रुपये समेत अन्य बकाया रकम की हेराफेरी की गई। मामले में सेक्टर-20 थाने में कोर्ट के आदेश के बाद FIR दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। इस पूरे मामले में शिकायतकर्ता कंपनी गायत्री हॉस्पिटेलिटी एंड रियलकॉन लिमिटेड ने आरोप लगाया है कि कंपनी को आवंटित जमीन को नियमों के खिलाफ अलग-अलग कंपनियों को ट्रांसफर किया गया और बाद में कागजों में बदलाव कर जमीन और पैसों का अधिकार दूसरे लोगों को दे दिया गया।
कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि अवि सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी ने ग्रेनो वेस्ट में कंपनी को जीएच-11 प्लॉट के लिए 72 हजार वर्गमीटर जमीन आवंटित की थी। इसकी लीज डीड फरवरी 2011 में पूरी हुई थी। कंपनी इस जमीन पर अपना प्रोजेक्ट विकसित कर रही थी। शिकायत के मुताबिक, वर्ष 2013 में प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने के लिए 20 हजार वर्गमीटर जमीन बेचने की सहमति बनी थी। आरोप है कि इसी दौरान अथॉरिटी के तत्कालीन GM रविंद्र तोंगड़ ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए 20 हजार वर्गमीटर जमीन इंटाईसमेन्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड के नाम सब-लीज करा दी।
कंपनी का आरोप है कि इंटाईसमेन्ट इंफ्रास्ट्रक्चर में रविंद्र तोंगड़ के करीबी लोग निदेशक थे। वहीं उनकी पत्नी कुशल सिंह को कंपनी में शेयरधारक बनाया गया। आरोप है कि जमीन के ट्रांसफर में नियमों की अनदेखी की गई और बिना तय भुगतान के ही जमीन पर अधिकार हासिल कर लिया गया। शिकायतकर्ता का कहना है कि कंपनी के बैलेंस शीट, सब-लीज डीड और ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी की फाइलों की जांच से पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सकती है।
इस मामले में रविंद्र तोंगड़ की पत्नी कुशल सिंह का नाम भी FIR में शामिल है। बताया जा रहा है कि कुशल सिंह आगामी चुनाव को देखते हुए दादरी विधानसभा क्षेत्र से बीजेपी टिकट की दावेदारी कर रही हैं। हालांकि मामले में सभी आरोपों की जांच पुलिस कर रही है और आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर होगी।
फिलहाल पुलिस ने केस दर्ज कर दस्तावेजों और जमीन से जुड़े रिकॉर्ड की जांच शुरू कर दी है। जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि जमीन के सब-लीज में नियमों का पालन हुआ था या नहीं और क्या वास्तव में किसी तरह की आर्थिक अनियमितता की गई।
Location : Greater Noida
Published : 22 August 2026, 1:11 PM IST