
बदायूं में गौवंश मौतों पर घमासान
Budaun: जिले के म्याऊं ब्लॉक की अभिगांव गौशाला में गौवंशों की मौत का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। शनिवार रात हुई बड़ी संख्या में गायों की मौत के बाद आंकड़ों को लेकर प्रशासन और गौसेवकों के दावों में भारी विरोधाभास सामने आया है। इससे गौशाला संचालन और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जिलाधिकारी अवनीश राय ने इस पूरे मामले पर आधिकारिक बयान जारी किया है। डीएम के अनुसार अभिगांव गौशाला में कुल 60 गौवंश बीमार पाए गए थे। इनमें से 6 गौवंश मृत अवस्था में मिले थे, जबकि 14 गौवंशों की मौत इलाज के दौरान हुई। यानी कुल 20 मौतें हुईं हैं।
उन्होंने बताया कि शेष बीमार गौवंशों का इलाज पशु चिकित्सा विभाग की टीमों द्वारा किया जा रहा है और लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों व गौशाला संचालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वहीं प्रशासन के इस दावे को प्रत्यक्षदर्शी और गौरक्षक दल ने सिरे से खारिज कर दिया है। गौरक्षक दल के सदस्य पंकज गुप्ता ने प्रशासन के आंकड़ों को झूठा बताया। उनका कहना है कि 50 से 60 गौवंश तो उनकी आंखों के सामने गौशाला में मरे पड़े थे।
आरोप है कि इससे पहले भी कई दिनों से मर रही गायों को एनजीओ संचालक ने अधिकारियों की मिलीभगत से जेसीबी मंगवाकर गौशाला परिसर में ही गड्ढा खोदकर बिना पोस्टमार्टम के दबा दिया था। यदि पहले दबाई गई गायों को जोड़ा जाए तो मौत का आंकड़ा 100 से भी अधिक बैठता है। पंकज गुप्ता ने मौके का वीडियो बनाकर वायरल भी किया है।
जब मामला शासन तक पहुंचा तो जिलाधिकारी का तोड़-मरोड़ बयान सामने आया, जिसने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भारी रोष है कि इतनी बड़ी घटना हो जाती है और जिला प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं लगती। गौशाला में पड़ी मृत गायों की संख्या और जिलाधिकारी के बयान में अंतर ने प्रशासन की मंशा पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
दोनों गौशालाओं में गौवंशों की लगातार हो रही मौतों से पशु प्रेमियों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों ने मांग की है कि दोनों गौशालाओं की निष्पक्ष जांच कराई जाए, मृत गायों का पोस्टमार्टम कराया जाए और दोषी एनजीओ संचालक व लापरवाह अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
यह मामला सिर्फ अभिगांव तक सीमित नहीं है। बिनवार थाना क्षेत्र के ब्योर गांव में संचालित गौशाला में भी बड़ी संख्या में गौवंशों की मौत की खबर सामने आई है। पशु प्रेमी विकेंद्र शर्मा ने मृत गौवंशों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर इस मामले को उजागर किया है। हैरानी की बात यह है कि जिलाधिकारी ने अपने आधिकारिक बयान में ब्योर गौशाला की घटना का कोई जिक्र तक नहीं किया है।
Location : Budaun
Published : 28 September 2026, 2:03 AM IST