Agra News: आगरा को मिलने वाला है बड़ा तोहफा! कौन से तीन नए हुनर बदल देंगे जिले की पहचान?

आगरा के चांदी की पायल, जरदोजी कला और ब्रश उद्योग को ओडीओपी योजना में शामिल करने का प्रस्ताव भेजा गया है। मंजूरी मिलने पर आगरा छह ओडीओपी उत्पादों वाला प्रदेश का पहला जिला बन सकता है। वहीं ओडीओसी सूची में दालमोठ, नमकीन और बेड़ई-जलेबी को शामिल करने की तैयारी भी चल रही है।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 18 June 2026, 2:05 PM IST

Agra: आगरा की पहचान अब सिर्फ फुटवियर, पेठा और संगमरमर शिल्प तक सीमित नहीं रहने वाली है। जिले के तीन पारंपरिक और रोजगार आधारित उद्योगों को नई पहचान दिलाने की दिशा में बड़ी पहल शुरू हो गई है। चांदी की पायल निर्माण, जरदोजी कारीगरी और ब्रश उद्योग को एक जनपद-एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना में शामिल करने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है।

छह उत्पाद ओडीओपी सूची में होंगे शामिल 

यदि इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है तो आगरा उत्तर प्रदेश का पहला ऐसा जिला बन जाएगा, जिसके छह उत्पाद ओडीओपी सूची में शामिल होंगे। इससे पहले जिले के चमड़े के फुटवियर, पेठा और मार्बल पच्चीकारी को इस योजना का लाभ मिल चुका है।

वैश्विक बाजार तक पहुंचेगा स्थानीय हुनर

ओडीओपी में शामिल होने के बाद इन उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलने की उम्मीद है। सरकार की विभिन्न योजनाओं के तहत इन उद्योगों को तकनीकी सहायता, आधुनिक मशीनें, प्रशिक्षण, पैकेजिंग सुधार और विपणन सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।

विशेष रूप से चांदी की पायल और जरदोजी कारीगरी लंबे समय से आगरा की सांस्कृतिक और व्यावसायिक विरासत का हिस्सा रही हैं। वहीं ब्रश उद्योग भी बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार प्रदान करता है। ऐसे में इन क्षेत्रों को संस्थागत समर्थन मिलने से उत्पादन और निर्यात दोनों में बढ़ोतरी हो सकती है।

ओडीओसी में भी बढ़ेगा आगरा का स्वाद

एक ओर जहां ओडीओपी में नए उत्पाद जोड़े जाने की तैयारी है, वहीं एक जनपद-एक व्यंजन (ओडीओसी) योजना में भी आगरा की खाद्य विरासत को विस्तार देने की कवायद चल रही है।

वर्तमान में पेठा, गजक और पराठा इस सूची का हिस्सा हैं। अब दालमोठ, नमकीन और प्रसिद्ध बेड़ई-जलेबी को भी शामिल करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। खास बात यह होगी कि पेठा ऐसा उत्पाद बन जाएगा जो ओडीओपी और ओडीओसी दोनों योजनाओं में अपनी मौजूदगी दर्ज कराएगा।

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कारोबारियों को मिलेगा आर्थिक प्रोत्साहन

योजना में शामिल होने वाले उत्पादों से जुड़े उद्यमियों और कारीगरों को विशेष अनुदान, आसान ऋण और नई इकाइयों की स्थापना के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा सकती है। इसके अलावा राज्य और राष्ट्रीय स्तर के व्यापार मेलों, प्रदर्शनियों और एक्सपो में भागीदारी का अवसर भी मिलेगा।

इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा और छोटे उद्योगों को नए बाजारों तक पहुंच बनाने में मदद मिलेगी।

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आगरा की अर्थव्यवस्था को मिल सकती है नई गति

विशेषज्ञों का मानना है कि इन उद्योगों को योजना में शामिल किए जाने से जिले की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग बढ़ने से निर्यात के अवसर भी बढ़ सकते हैं, जिससे हजारों कारीगरों और श्रमिकों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष लाभ मिलने की संभावना है।

यदि प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो भविष्य में इन उत्पादों के लिए कॉमन फैसिलिटी सेंटर, डिजाइन डेवलपमेंट प्रोग्राम, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर प्रमोशन और जीआई टैगिंग जैसी पहल भी शुरू की जा सकती हैं। इससे उत्पादों की गुणवत्ता, पहचान और बाजार मूल्य में उल्लेखनीय वृद्धि हो सकती है।

Location :  Agra

Published :  18 June 2026, 2:05 PM IST