महराजगंज: फायरब्रांड कप्तान आरपी सिंह रात में उतरे सड़कों पर, खुली मातहतों की पोल..

शिवेंद्र चतुर्वेदी

कुछ मिनट पहले महराजगंज शहर की सड़कों पर गजब की हलचल देखने को मिली। हुआ यूं कि बिना-बताये जिले के कप्तान आरपी सिंह कस्बे की सड़कों पर जाड़े की रात में निकल पड़े पुलिसिया गश्त की जांच करने फिर क्या था दूध का दूध और पानी का पानी.. नगर की जनता और व्यापारियों के सामने एक-एक कर.. एक्सक्लूसिव रिपोर्ट..


महराजगंज: काफी लंबे अरसे के बाद नगर की सड़कों पर इस तरह नज़ारा देखने को मिला जब कोई एसपी अपने मातहतों की कारगुजारियों को जानने और आम जनता के बीच सुरक्षा का विश्वास पैदा करने की नीयत से जाड़े की रात अपने दफ्तर और हीटर को छोड़ सड़कों पर निकला।

डाइनामाइट न्यूज़ के खोजी रिपोर्टरों को बुधवार की रात कालेज रोड पर अचनाक पुलिस अधीक्षक आरपी सिंह पैदल गश्त करते दिखे। उनके साथ शहर के आम नागरिक थे। एसपी एक-एक कर व्यापारियों से पूछ रहे थे.. आपके इलाके में तैनात पुलिस के जिम्मेदार अफसरों को क्या आप पहचानते हैं? तो जनता ने नही में जवाब दिया.. आश्चर्य की बात थी कि शहरवासी अपने इलाके में तैनात शहर कोतवाल, नगर चौकी प्रभारी तक को नही पहचानते..यह सुनते ही एसपी गुस्से से लाल-पीले हो गये औऱ मातहतों की जमकर क्लास लगायी। एसपी ने पूछा जब मैंने सख्त हिदायत दे रखी है कि सीओ, कोतवाल और चौकी प्रभारी नगर के व्यापारियों को अपना विजिटिंग कार्ड नाम व मोबाइल नंबर के साथ दें तो क्यों अब तक यह कार्य पूरे लगन के साथ नही हुआ?

जनता के बीच पुलिस कप्तान

एसपी यहीं नही रुके..उन्होंने रात्रि गश्त को लेकर जनता से पुलिसिया रवैये के बारे में पूछा..हां भी ये बेपर्दा हो गये.. फिर कप्तान ने अपने अंदाज में इन लोगों को अंतिम चेतावनी दी कि अबकी ड्यूटी के प्रति लापरवाही मिली तो छुट्टी तय।

मातहतों को फटकारते एसपी आरपी सिंह

एसपी के रुख को जनता ने सराहा तो मातहत हुए भयभीत

गश्त के बाद डाइनामाइट न्यूज़ ने आम जनता और व्यापारियों से बात की तो इन लोगों ने बताया कि अभी रात ही सहर के एक प्रमुख व्यापारी की चीनी लदी ट्रक से कई बोरी चीनी तीन लुटेरे लूट लिये..गश्त तो छोड़िये चौकी से चंद कदम दूर हुई इस वारदात के स्थल पर पहुंचने में कोतवाली पुलिस ने घंटा भर लगा दिया। ऐसे में आज वह रात के अंधेरे में सड़कों पर कप्तान को खुद देख काफी सकुन मिला है। गौरतलब है कि एसपी इन दिनों कामचोर पुलिस वालों के बीच खौफ का पर्याय बने हुए हैं। पिछेल सप्ताह ही इन्होंने बरगदवा के मनबढ़ थानेदार और मुंशी की अक्ल ठिकान लगायी थी। जनता का यह भी कहना है कि कप्तान को यही नही रुकना चाहिये और इस तरह की अचानक चेकिंग अक्सर करनी चाहिये तभी जनता का पुलिस पर भरोसा बना रहेगा।

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