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राजधानी में शिक्षामित्रों ने एक बार फिर से अपनी मांगों को लेकर डेरा डाल लिया है। शिक्षामित्रों का आरोप है कि सरकार की ओर से अभी उनकी मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया है। जिसके कारण 4 दिन के लिए शिक्षामित्र एक बार फिर से धरने पर बैठे हैं।
लखनऊ: आज से एक बार फिर शिक्षामित्रों ने लखनऊ के लक्ष्मण मेला मैदान में अपना डेरा डाल लिया है। गौरतलब है कि कुछ महीने पहले भी शिक्षामित्रों ने बड़ी तादाद में लखनऊ में विरोध प्रदर्शन किया था, जिसके बाद सीएम से उनकी मुलाकात कराई गई। शिक्षामित्रों का आरोप है कि सरकार की ओर से अभी उनकी मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया है। जिसके कारण 4 दिन के लिए शिक्षामित्र एक बार फिर से धरने पर बैठे हैं।
आज धरने के पहले दिन हालांकि शिक्षामित्रों की तादाद कुछ कम देखने को मिली। लेकिन आने वाले दिनों में सरकार को बड़े स्तर पर इनका विरोध प्रदर्शन झेलना पड़ सकता है।
डाइनामाइट न्यूज़ से बात करते हुए कानपुर से आई महिला शिक्षामित्र उमा देवी ने बताया कि अब तक 500 से अधिक शिक्षामित्र शिक्षामित्रों की अकाल मृत्यु हो चुकी है। उनके परिवारों को एक नौकरी जीवन यापन के लिए सरकार की ओर से दिया जाए। साथ ही शिक्षामित्रों को सम्मानजनक वेतन समान काम समान वेतन के आधार पर दिया जाए और शिक्षामित्रों की सेवानिवृत्ति 62 साल की जाए।
उन्होंने CM योगी आदित्यनाथ से अपील की सरकार उनकी मांगों पर गंभीरता पूर्वक विचार कर पूरा करें, जिससे उनके परिवार का भविष्य खुशहाल हो सके।
Published : 29 March 2018, 6:21 PM IST
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